वाराणसी: अधूरी सीवर लाइन और खराब इंटरलॉकिंग पर नगर आयुक्त ने जताई नाराजगी, जल्द निर्माण पूरा कराने के दिए निर्देश
वाराणसी। नगर निगम क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति को लेकर नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने सख्त रुख अपनाया है। गुरुवार को उन्होंने विभिन्न निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि विकास परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप और तय समयसीमा के भीतर पूरे किए जाएं, अन्यथा जिम्मेदार अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नगर आयुक्त ने डिठोरी महल मस्जिद के पास से मौर्य बाग के सामने स्थित गली में चल रहे इंटरलॉकिंग, पेयजल और सीवर लाइन से जुड़े कार्यों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पाया कि क्षेत्र में कई दिनों से इंटरलॉकिंग और सीवर लाइन का कार्य बंद पड़ा है। इस पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित सहायक अभियंता को तत्काल कार्य शुरू कराने और समयबद्ध ढंग से पूरा कराने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि नई सीवर लाइन बिछाए जाने के बावजूद कई घरों के कनेक्शन अब तक मुख्य लाइन से नहीं जोड़े गए हैं। नगर आयुक्त ने इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को सभी लंबित कनेक्शन जल्द से जल्द जोड़ने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अधूरी योजनाओं का लाभ जनता को नहीं मिल पाता, इसलिए प्रत्येक कार्य को पूर्णता तक पहुंचाना आवश्यक है।
गली में बिछाई गई इंटरलॉकिंग की गुणवत्ता पर भी सवाल उठे। निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर इंटरलॉकिंग का स्तर असमान पाया गया, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी हो सकती है। नगर आयुक्त ने संबंधित विभाग को तत्काल मरम्मत कर इंटरलॉकिंग को मानक के अनुरूप पुनः व्यवस्थित करने के निर्देश दिए। नागरिकों ने निरीक्षण के दौरान पुरानी सीवर लाइन के बार-बार चोक होने की समस्या भी उठाई। इस पर नगर आयुक्त ने अधिकारियों को क्षेत्र की आवश्यकता के अनुसार नई और अधिक क्षमता वाली सीवर लाइन के लिए प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
इसके अलावा, क्षेत्र में री-बोर किए गए मिनी ट्यूबवेल के सुचारू संचालन में आ रही दिक्कतों पर भी उन्होंने नाराजगी जताई। जलकल विभाग के महाप्रबंधक को निर्देश दिया गया कि नियमानुसार तत्काल ट्यूबवेल का संचालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि स्थानीय लोगों को पेयजल की समस्या का सामना न करना पड़े। निरीक्षण के दौरान क्षेत्रीय पार्षद विनय सदेजा, जलकल विभाग के महाप्रबंधक अनूप सिंह, सहायक अभियंता शिव सरोज तथा संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

