वाराणसी : स्वास्थ्य योजनाओं की समीक्षा में डीएम सख्त, टीकाकरण में कम प्रगति वाले क्षेत्रों की होगी ग्रामसभा स्तर तक जांच

WhatsApp Channel Join Now

वाराणसी। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक हुई, जिसमें जिले में संचालित स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं और राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। डीएम ने स्पष्ट किया कि लाभार्थीपरक स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन और भुगतान में किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं की नियमित निगरानी और समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश दिए।

जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा में बताया गया कि अब तक 12,744 लाभार्थियों को भुगतान किया जा चुका है। इस उपलब्धि के साथ वाराणसी प्रदेश में छठे स्थान पर है। जिलाधिकारी ने प्रदर्शन में और सुधार करने के निर्देश देते हुए कहा कि जिन चिकित्सा संस्थानों में लाभार्थियों का भुगतान लंबित है, वहां प्राथमिकता के आधार पर समय से भुगतान कराया जाए।

123

बैठक में ‘नमो शक्ति रथ’ के माध्यम से चलाए जा रहे स्तन कैंसर स्क्रीनिंग अभियान की भी समीक्षा हुई। डीएम ने अभियान को अधिक प्रभावी बनाने और अधिक से अधिक पात्र महिलाओं की स्क्रीनिंग कराने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि स्क्रीनिंग के दौरान संदिग्ध पाए जाने वाले मामलों में आवश्यक जांच और उपचार की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।

हेल्थ डैशबोर्ड में वाराणसी पांचवें स्थान पर
उत्तर प्रदेश हेल्थ डैशबोर्ड की रैंकिंग में वाराणसी के पांचवें स्थान पर रहने की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों की समीक्षा करते हुए रैंकिंग में और सुधार के लिए लगातार निगरानी और कमजोर बिंदुओं को चिह्नित कर सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

टीकाकरण की ग्रामसभा स्तर तक होगी समीक्षा
टीकाकरण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान कुछ क्षेत्रों में अपेक्षित प्रगति नहीं मिलने पर डीएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिया कि कम प्रगति वाले क्षेत्रों की ग्रामसभा और सब-सेंटर स्तर तक समीक्षा की जाए। टीकाकरण में कमी के कारणों की पहचान कर तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने और सभी पात्र बच्चों का समय से शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने को कहा।

123

जननी सुरक्षा योजना में आशा कार्यकर्ताओं की भूमिका की समीक्षा के दौरान जिले में 290 आशा कार्यकर्ताओं द्वारा योजना के तहत कोई प्रसव नहीं कराए जाने का मामला सामने आया। जिलाधिकारी ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित आशा कार्यकर्ताओं को नियमानुसार नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत संचालित राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, कृमि मुक्ति दिवस, गैर संचारी रोग नियंत्रण कार्यक्रम और टीबी मुक्त भारत अभियान समेत अन्य कार्यक्रमों की भी समीक्षा हुई। डीएम ने सभी योजनाओं में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण प्रगति और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा। 

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एनपी सिंह ने स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति और विभाग की आगामी कार्ययोजना की जानकारी दी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, अस्पतालों के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक, एसीएमओ, डिप्टी सीएमओ, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

Share this story