बीएड प्रवेश परीक्षा फर्जीवाड़े में बिहार से वांछित रौशन राज गिरफ्तार, कपसेठी पुलिस ने पटना की लाइब्रेरी से दबोचा
वाराणसी। उत्तर प्रदेश संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा-2026 में फर्जी तरीके से परीक्षा दिलाने के मामले में वांछित आरोपित रौशन राज को कपसेठी पुलिस ने बिहार की राजधानी पटना से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बुधवार, 16 सितंबर को उसे बाजार समिति स्थित डायरेक्शन लाइब्रेरी, थाना बहादुरपुर से पकड़ा। मामले में पुलिस आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है।
पुलिस के अनुसार, कपसेठी थाना क्षेत्र के सेवापुरी स्थित कालिकाधाम पीजी कॉलेज में आयोजित बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा के दौरान अभ्यर्थी श्रेया भारती के स्थान पर तनिषा कुमारी द्वारा परीक्षा देने का प्रयास किया गया था। आरोप है कि इसके लिए कूटरचित प्रवेश पत्र, आधार कार्ड और संपादित फोटो का इस्तेमाल किया गया।
केंद्र व्यवस्थापक प्रो. अनिकेश कुमार सिंह ने संदिग्ध अभ्यर्थी को पुलिस के हवाले किया था। उनकी तहरीर पर कपसेठी थाने में मुकदमा अपराध संख्या 0076/2026 दर्ज किया गया। इसमें भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के साथ उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम-2024 की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई।
दो महिला अभ्यर्थी पहले हो चुकी हैं गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, मामले में तनिषा कुमारी को एक जून 2026 और श्रेया भारती को 12 जुलाई 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका है। अन्य संलिप्त आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित की गई थी। इसी क्रम में सीडीआर, लोकेशन और कॉल डिटेल के आधार पर पूर्वी चंपारण, बिहार निवासी रौशन राज की तलाश की जा रही थी। पुलिस ने उसे पटना से गिरफ्तार किया।
पैसे के लेनदेन की बात कही
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में रौशन राज ने परीक्षा में नकल संबंधी किसी गलती से इनकार किया। उसने बताया कि रिश्तेदार समझकर केवल पैसे का लेनदेन किया था। उसने अपनी गलती के लिए माफी भी मांगी। कार्रवाई करने वाली टीम में थानाध्यक्ष विकास कुमार, चौकी प्रभारी मधुसूदन त्रिपाठी और आरक्षी राम आशीष शामिल रहे।

