हर-हर महादेव के उद्घोष के साथ श्रद्धालुओं पर बरसीं गुलाब की पंखुड़ियां, सावन के अंतिम सोमवार को नमामि गंगे ने किया शिवभक्तों का स्वागत
वाराणसी। श्रावण मास के अंतिम सोमवार को बाबा श्री काशी विश्वनाथ के दर्शन के लिए काशी पहुंचने वाले शिवभक्तों का नमामि गंगे की ओर से पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। देश के विभिन्न हिस्सों से आए श्रद्धालुओं की लंबी कतार के बीच गुलाब की पंखुड़ियां बरसाए जाने से माहौल भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं ने भी इस अभिनंदन का उत्साह के साथ स्वागत किया।

नमामि गंगे काशी क्षेत्र के संयोजक एवं नगर निगम के स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर राजेश शुक्ला के संयोजन में आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य शिवभक्तों के प्रति सम्मान व्यक्त करने के साथ स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सद्भाव का संदेश देना रहा। टीम के सदस्यों ने काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए कतार में खड़े श्रद्धालुओं पर गुलाब की पंखुड़ियां बरसाकर उनका अभिनंदन किया।
इस दौरान श्रद्धालुओं को सिंगल यूज प्लास्टिक और पॉलिथीन के इस्तेमाल से बचने के लिए जागरूक किया गया। पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लोगों के बीच कपड़े के झोलों का वितरण भी किया गया। टीम ने श्रद्धालुओं से अपील की कि काशी की स्वच्छता और गंगा की निर्मलता बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। बाजार से सामान खरीदते समय प्लास्टिक की थैलियों के स्थान पर कपड़े के थैलों का इस्तेमाल करने का भी आह्वान किया गया।

राजेश शुक्ला ने कहा कि श्रावण के अंतिम सोमवार को काशी में उमड़े शिवभक्त भक्ति, समर्पण, एकता और सद्भाव का संदेश दे रहे हैं। देश के अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रों से आए श्रद्धालु अपनी विविधताओं को पीछे छोड़ बाबा विश्वनाथ की भक्ति में एकाकार नजर आए। उन्होंने कहा कि काशी की धरती से सामाजिक और राष्ट्रीय एकता का यह संदेश पूरे देश तक पहुंचता है।
उन्होंने श्रद्धालुओं से गंगा घाटों को स्वच्छ रखने, पूजा सामग्री अथवा अन्य कचरा नदी में न डालने और प्लास्टिक का प्रयोग कम करने की अपील की। नमामि गंगे टीम ने लोगों को समझाया कि धार्मिक आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी निभाना भी जरूरी है। कार्यक्रम में राजेश शुक्ला के साथ उमंग अग्रवाल, दीप मेहरोत्रा, राहुल दुबे, समर्पित पाण्डेय, अनीश शुक्ला, सक्षम उपाध्याय और आकाश तिवारी सहित नमामि गंगे के अन्य सदस्य मौजूद रहे। पुष्पवर्षा और जागरूकता अभियान के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह देखने को मिला।

