प्रो. पुनीत बने सर सुंदरलाल चिकित्सालय के चिकित्सा अधीक्षक, प्रो. अजीत सिंह ट्रॉमा सेंटर के आचार्य प्रभारी, ईसी की बैठक में संस्तुति के बाद हुई नियुक्ति
वाराणसी। बीएचयू के चिकित्सा विज्ञान संस्थान में प्रशासनिक स्तर पर महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। वरिष्ठ जनरल सर्जन प्रो. पुनीत को सर सुन्दरलाल चिकित्सालय का नया चिकित्सा अधीक्षक (Medical Superintendent) तथा ख्यातिप्राप्त अस्थि एवं जोड़ रोग विशेषज्ञ प्रो. (डॉ.) अजीत सिंह को ट्रॉमा सेंटर का आचार्य प्रभारी (Professor In-charge) नियुक्त किया गया है। दोनों अधिकारियों ने सोमवार अपराह्न अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया। ईसी की संस्तुति के बाद नियुक्तियां की गईं।
इन नियुक्तियों को कुलपति प्रो. अजीत कुमार चतुर्वेदी की अध्यक्षता में आयोजित विश्वविद्यालय की कार्यकारिणी परिषद (Executive Council) की बैठक में स्वीकृति प्रदान की गई। नियुक्तियां चयन समिति की संस्तुति के आधार पर की गई हैं। दोनों पदों के लिए 8 जुलाई 2026 को चयन समिति के समक्ष साक्षात्कार एवं इंटरेक्शन आयोजित किया गया था।
प्रो. पुनीत को सर सुन्दरलाल चिकित्सालय की जिम्मेदारी
जनरल सर्जरी विभाग, चिकित्सा विज्ञान संस्थान के वरिष्ठ सर्जन प्रो. पुनीत को सर सुन्दरलाल चिकित्सालय का चिकित्सा अधीक्षक नियुक्त किया गया है। अस्पताल के प्रशासनिक संचालन, स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, मरीजों की सुविधाओं और चिकित्सा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने की जिम्मेदारी अब उनके कंधों पर होगी। चिकित्सा क्षेत्र में उनके लंबे अनुभव और प्रशासनिक क्षमता को देखते हुए विश्वविद्यालय ने उन्हें यह महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा है।
प्रोफेसर अजीत सिंह बने ट्रॉमा सेंटर के प्रभारी आचार्य
बीएचयू ट्रॉमा सेंटर के नए आचार्य प्रभारी नियुक्त किए गए प्रो. (डॉ.) अजीत सिंह देश के प्रतिष्ठित अस्थि एवं जोड़ रोग विशेषज्ञों में गिने जाते हैं। उन्हें ट्रॉमा, आर्थ्रोप्लास्टी, स्पाइन सर्जरी और स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में लगभग दो दशकों का अनुभव प्राप्त है।
वर्ष 2017 से वह चिकित्सा विज्ञान संस्थान, बीएचयू में प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं। इससे पहले उन्होंने एम्स रायपुर में अतिरिक्त प्रोफेसर तथा रोहिलखंड मेडिकल कॉलेज में प्रोफेसर के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं। उन्होंने AO Trauma, Royal College of Surgeons (UK), Johns Hopkins University तथा राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) के माध्यम से विशेष प्रशिक्षण प्राप्त किया है। उनकी विशेषज्ञता और आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों का अनुभव ट्रॉमा सेंटर की सेवाओं को और बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
पूर्व अधिकारियों के योगदान की सराहना
कुलपति प्रो. अजीत कुमार चतुर्वेदी ने सर सुन्दरलाल चिकित्सालय के पूर्व चिकित्सा अधीक्षक प्रो. कैलाश कुमार तथा ट्रॉमा सेंटर के पूर्व आचार्य प्रभारी प्रो. सौरभ सिंह द्वारा दिए गए योगदान की सराहना करते हुए उनके कार्यकाल की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि दोनों अधिकारियों ने अपने कार्यकाल में संस्थान की चिकित्सा सेवाओं और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
नए अधीक्षकों से उम्मीदें
बीएचयू प्रशासन का मानना है कि नई नियुक्तियों से सर सुन्दरलाल चिकित्सालय और ट्रॉमा सेंटर की चिकित्सा एवं प्रशासनिक व्यवस्था को नई दिशा मिलेगी। दोनों वरिष्ठ चिकित्सकों के अनुभव का लाभ मरीजों, चिकित्सकों और चिकित्सा शिक्षा से जुड़े विद्यार्थियों को मिलेगा। आधुनिक उपचार, बेहतर प्रबंधन, अनुसंधान और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने की दिशा में इन नियुक्तियों को महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

