वाराणसी को ग्लोबल टूरिज्म हब बनाने की तैयारी तेज, केंद्रीय पर्यटन सचिव ने विकास योजनाओं का जाना हाल 

WhatsApp Channel Join Now

वाराणसी। काशी को विश्व स्तरीय पर्यटन नगरी के रूप में विकसित करने की दिशा में मंगलवार को कमिश्नरी सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता भारत सरकार के केंद्रीय पर्यटन सचिव भुवनेश कुमार ने की। इस दौरान पर्यटन विकास, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार, यातायात व्यवस्था, स्वच्छता तथा सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण को लेकर विस्तृत चर्चा हुई।

बैठक में वाराणसी में धार्मिक, सांस्कृतिक और विरासत पर्यटन को और अधिक सशक्त बनाने के लिए संचालित परियोजनाओं की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने पर्यटकों के बेहतर अनुभव के लिए आधुनिक सुविधाओं के विकास, पर्यटन स्थलों के सौंदर्यीकरण, डिजिटल सूचना प्रणाली और ट्रैफिक प्रबंधन को प्राथमिकता देने की बात कही। केंद्रीय पर्यटन सचिव ने निर्देश दिया कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि देशी और विदेशी पर्यटकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

123

मंडलायुक्त एस राजलिंगम ने वाराणसी में प्रस्तावित पर्यटन परियोजनाओं की जानकारी देते हुए होटल एसोसिएशन, टूर ऑपरेटर्स और टूरिस्ट गाइड संगठनों से सुझाव आमंत्रित किए। बैठक में घरेलू पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यूपी टूरिज्म द्वारा विभिन्न शहरों में रोड शो आयोजित करने का सुझाव भी सामने आया।

होटल एसोसिएशन की ओर से प्रशासनिक स्तर पर नियमित समीक्षा बैठकों की मांग की गई। साथ ही गंगा के उस पार आवागमन को सुगम बनाने के लिए सिग्नेचर ब्रिज निर्माण का प्रस्ताव रखा गया। घाट एसोसिएशन के प्रतिनिधि राजेश्वर सिंह ने भी पर्यटन सुविधाओं और घाटों के विकास से संबंधित सुझाव दिए, जिन पर पर्यटन सचिव ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया।

बैठक के दौरान पार्किंग स्थलों पर शुल्क संबंधी साइनेज लगाने, यातायात व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने तथा स्थानीय व्यंजनों के प्रचार-प्रसार पर भी चर्चा हुई। इस अवसर पर Swiggy की ओर से काशी के प्रमुख व्यंजनों की मार्केटिंग को लेकर एक प्रस्तुति भी दी गई।

अधिकारियों ने बताया कि काशी विश्वनाथ धाम के पुनर्निर्माण के बाद वर्ष 2021 से 2025 के बीच लगभग 44 करोड़ पर्यटक वाराणसी पहुंचे हैं, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को बड़ा लाभ मिला है। पिछले 12 वर्षों में शहर के समग्र विकास पर लगभग 55 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। बैठक में यह भी कहा गया कि जिन क्षेत्रों में अभी और सुधार की आवश्यकता है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर विकसित किया जाएगा। अंत में अधिकारियों ने वाराणसी को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर और मजबूत पहचान दिलाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।

बैठक में उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग के अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात, जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, वीडीए उपाध्यक्ष पूर्ण बोरा, नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल, मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी एवं पर्यटन क्षेत्र से जुड़े प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

Share this story