वाराणसी में हरियाली का महाअभियान: लक्ष्य से आगे बढ़ा पौधरोपण, 20 लाख से अधिक पौधे लगाने का दावा
"एक पेड़ मां के नाम" अभियान बना जनआंदोलन, मंत्री रविंद्र जायसवाल ने किया पौधरोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
शिवपुर कांशीराम आवास परिसर और वरुणा तट पर मंत्री ने किया पौधरोपण
वाराणसी में 18.50 लाख के लक्ष्य के सापेक्ष 20 लाख से अधिक पौधे लगाने का दावा
70 चौराहों पर निःशुल्क पौधों का वितरण, जनभागीदारी से अभियान को मिली गति
अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों ने लिया पर्यावरण संरक्षण का संकल्प
वाराणसी। जिले में चल रहे वृहद वृक्षारोपण महाअभियान के तहत रविवार को बड़े पैमाने पर पौधरोपण किया गया। अभियान के नोडल मंत्री एवं प्रदेश के स्टांप एवं न्यायालय पंजीयन शुल्क राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रविंद्र जायसवाल ने शिवपुर स्थित कांशीराम आवास परिसर और वरुणा नदी के तट पर पौधरोपण कर अभियान की प्रगति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के लिए जनभागीदारी को सबसे महत्वपूर्ण बताते हुए प्रत्येक नागरिक से कम से कम एक पौधा लगाने और उसके संरक्षण का संकल्प लेने की अपील की।
कार्यक्रम में आईएएस नोडल अधिकारी शंभू शरण, जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, मुख्य विकास अधिकारी प्रखर सिंह, वन विभाग की अधिकारी निधि सिंह चौहान, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य, विधान परिषद सदस्य धर्मेंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने पौधरोपण कर हरित वातावरण के निर्माण का संदेश दिया।

राज्य मंत्री रविंद्र जायसवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किया गया "एक पेड़ मां के नाम" अभियान अब पूरे देश में जनआंदोलन का स्वरूप ले चुका है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में इसे व्यापक स्तर पर संचालित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 35 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जबकि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र वाराणसी के लिए 18.50 लाख पौधों का लक्ष्य तय किया गया था। अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों के सहयोग से जिले में 20 लाख से अधिक पौधे लगाए जाने का दावा किया गया है।
मंत्री ने बताया कि शहर के लगभग 70 प्रमुख चौराहों पर सुबह से ही लोगों को निःशुल्क पौधे वितरित किए गए। इसके अलावा मंदिर परिसरों, सार्वजनिक स्थलों, सरकारी कार्यालयों, विद्यालयों, पार्कों तथा सड़कों के किनारे भी बड़े पैमाने पर पौधरोपण कराया गया। उन्होंने कहा कि अभियान को जन-उत्सव का स्वरूप मिल चुका है और लोग स्वयं आगे बढ़कर पौधे लगाने के साथ उनके संरक्षण का भी संकल्प ले रहे हैं।
रविंद्र जायसवाल ने बताया कि उन्होंने स्वयं भी अपनी मां की स्मृति में एक पौधा लगाया। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार मां अपने बच्चों का पालन-पोषण करती है, उसी तरह प्रत्येक व्यक्ति को अपने लगाए गए पौधे की भी नियमित देखभाल करनी चाहिए। पौधा लगाने के साथ उसका संरक्षण ही अभियान की वास्तविक सफलता है।

वहीं जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य ने कहा कि पेड़ मानव जीवन का आधार हैं और इनके बिना जीवन की कल्पना संभव नहीं है। उन्होंने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने की अपील की। वन विभाग की अधिकारी निधि सिंह चौहान ने भी अभियान को सफल बनाने में जनसहभागिता की महत्वपूर्ण भूमिका पर बल दिया।
इस अवसर पर एमएलसी धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद प्रदेश में पर्यावरण संरक्षण को लेकर सकारात्मक माहौल बना है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा वन एवं कृषि विभाग की सराहना करते हुए कहा कि प्रकृति संरक्षण की भावना समाज में तेजी से बढ़ी है। इस दौरान जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार, प्रभागीय वनाधिकारी समेत अन्य मौजूद रहे।

