हड़हासराय में सीवर समस्या पर महापौर सख्त, सात दिन में लाइन अवरोध दुरूस्त कराने के दिए निर्देश
वाराणसी। हड़हासराय क्षेत्र में सीवर लाइन के ऊपर हुए निर्माण के कारण उत्पन्न जलभराव की समस्या को देखते हुए महापौर अशोक कुमार तिवारी ने गुरुवार को क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने हड़हा, दालमंडी और काशीपुरा क्षेत्रों का भ्रमण कर सीवर और जलनिकासी व्यवस्था की स्थिति देखी तथा स्थानीय नागरिकों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।
विभागीय जांच और निरीक्षण में सामने आया कि नावेद कॉम्प्लेक्स भवन के नीचे से जलकल विभाग की मुख्य सीवर लाइन गुजर रही है। यह लाइन राम सिंह अखाड़ा होते हुए दशाश्वमेध जोनल कार्यालय परिसर स्थित मुख्य चैंबर से जुड़ती है। अधिकारियों के अनुसार सीवर लाइन के ऊपर बगैर अनुमति पक्का निर्माण कराए जाने से उसका प्रवाह बाधित हुआ है। इसके चलते हड़हा, दालमंडी, काशीपुरा और पियरी क्षेत्र में सीवर ओवरफ्लो के साथ जलभराव की समस्या उत्पन्न हो रही है।

समस्या को गंभीरता से लेते हुए जलकल विभाग ने भवन स्वामी को दोबारा नोटिस जारी किया है। साथ ही सात दिनों के भीतर सीवर लाइन को अवरोध-मुक्त कराने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे लाइन की सफाई और मरम्मत का कार्य जल्द पूरा किया जा सके। महापौर ने आम जनता को हो रही असुविधा को गंभीरता से लेते हुए जलकल और नगर निगम के अधिकारियों से तत्काल तकनीकी रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा।
महापौर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जलनिकासी और सीवर व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की लापरवाही न हो। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से समस्या के स्थायी समाधान के लिए आवश्यक तकनीकी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। निरीक्षण के दौरान पार्षद इर्देश कुमार, श्रवण कुमार गुप्ता, अतुल पांडेय, जलकल विभाग के महाप्रबंधक अनूप सिंह, जोनल अधिकारी मृत्युंजय नारायण मिश्रा सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

अन्य वार्डों में भी व्यवस्था का जायजा
इससे पूर्व महापौर ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सुसुवाही वार्ड, अवलेशपुर, कंदवा और चितईपुर का दौरा किया। उन्होंने क्षेत्रीय पार्षदों और अधिकारियों के साथ जलनिकासी व्यवस्था का निरीक्षण किया। साथ ही विभिन्न स्थानों पर चल रहे विकास और सफाई कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। महापौर ने अधिकारियों को सभी विकास कार्य निर्धारित समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।

