ऑपरेशन सिंदूर और AI थीम में सजेगा जैतपुरा का दुर्गापूजा पंडाल, योद्धा स्वरूप में नजर आएंगी मां भगवती दुर्गा
बंगाल के 20 कारीगर एक माह से पंडाल निर्माण में जुटे, पंचमी तक पूरा होगा निर्माण
जैतपुरा के मां बागेश्वरी क्लब का 49वां दुर्गोत्सव, सप्तमी से दशमी तक होंगे मां के दिव्य स्वरूप के दर्शन
बंगाल के 15-20 कारीगर दिन-रात कर रहे काम, एक माह से चल रहा भव्य पंडाल का निर्माण
CCTV, पुलिस, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस की व्यवस्था, अगले वर्ष 50वें वर्ष पर गोल्डन जुबली आयोजन की तैयारी
वाराणसी। जैतपुरा स्थित मां बागेश्वरी क्लब में इस बार दुर्गा पूजा का पंडाल देशभक्ति और आधुनिक तकनीक के अनूठे संगम का संदेश देगा। क्लब की ओर से ‘ऑपरेशन सिंदूर’ और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) थीम पर भव्य पंडाल तैयार कराया जा रहा है। इसमें मां दुर्गा को योद्धा स्वरूप में प्रस्तुत करने की तैयारी है। पंडाल में पहलगाम आतंकी हमले के बाद हुए ऑपरेशन सिंदूर और भारतीय जवानों के साहस की झलक दिखाई जाएगी। क्लब के प्रतिनिधि लव जायसवाल ने बताया कि इस वर्ष की थीम के माध्यम से देश की सुरक्षा में योगदान देने वाले वीर जवानों के साहस और शौर्य को श्रद्धालुओं के सामने रखने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही AI आधारित प्रस्तुति के जरिए पंडाल को आधुनिक स्वरूप दिया जा रहा है।

एक माह से जुटे बंगाल के कारीगर
मां बागेश्वरी क्लब का इस वर्ष 49वां दुर्गोत्सव है। पंडाल निर्माण के लिए बंगाल से करीब 15 से 20 कुशल कारीगर बुलाए गए हैं। ये कारीगर पिछले एक महीने से लगातार पंडाल को आकार देने में जुटे हैं। आयोजकों के मुताबिक पंचमी तिथि तक पंडाल का निर्माण पूरा कर लिया जाएगा। सप्तमी से दशमी तक श्रद्धालु मां दुर्गा के दर्शन कर सकेंगे।

अगले वर्ष गोल्डन जुबली की तैयारी
क्लब के पदाधिकारियों के अनुसार अगले वर्ष दुर्गा पूजा का 50वां वर्ष पूरा होगा। गोल्डन जुबली के अवसर पर आयोजन को और भव्य बनाने की योजना है। वर्तमान आयोजन को भी इसी क्रम में विशेष बनाने के लिए थीम आधारित पंडाल तैयार किया जा रहा है।

चंदौली-मिर्जापुर से भी आते हैं श्रद्धालु
मां बागेश्वरी क्लब के पूजा पंडाल में वाराणसी के अलावा आसपास के जिलों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। आयोजकों के अनुसार चंदौली और मिर्जापुर से भी लोग परिवार के साथ पंडाल देखने आते हैं।

सुरक्षा के होंगे पुख्ता इंतजाम
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को देखते हुए पंडाल परिसर में व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। निगरानी के लिए CCTV कैमरे लगाए जा रहे हैं। स्थानीय पुलिस के साथ फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस की व्यवस्था रहेगी। क्लब के सदस्य और स्वयंसेवक भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की सहायता के लिए तैनात रहेंगे। किसी आपात स्थिति से निपटने और निगरानी के लिए कंट्रोल रूम भी बनाया जा रहा है।






