कम पानी में श्रीअन्न की खेती करें किसान, मिलेगा अधिक लाभ, किसानों को आधुनिक खेती अपनाने की सलाह
कल्लीपुर में मिलेट्स महोत्सव एवं किसान मेला आयोजित, गीत-संगीत के जरिए भी किसानों को बताए खेती के आधुनिक तौर-तरीके
वाराणसी। श्रीअन्न यानी मिलेट्स की खेती किसानों की आमदनी बढ़ाने के साथ कम पानी और कम उर्वरक में बेहतर उत्पादन का विकल्प बन सकती है। मिलेट्स के पोषण एवं औषधीय गुणों और आधुनिक खेती की तकनीकों के प्रति किसानों को जागरूक करने के लिए गुरुवार को कृषि विज्ञान केंद्र कल्लीपुर (मिर्जामुराद) में जनपद स्तरीय मिलेट्स महोत्सव एवं किसान मेला आयोजित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रोहनिया विधायक सुनील पटेल ने किसानों से मिलेट्स की खेती को बढ़ावा देने की अपील की। उन्होंने कहा कि विभिन्न प्रकार के मिलेट्स में अनेक औषधीय गुण पाए जाते हैं और इनकी खेती के लिए अपेक्षाकृत कम पानी व उर्वरक की आवश्यकता होती है। आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर किसान मिलेट्स की खेती से अपनी आय बढ़ा सकते हैं। उन्होंने किसानों से कृषि विभाग की ओर से संचालित योजनाओं का लाभ उठाने को भी कहा। विधायक ने मेले में विभिन्न संस्थाओं और कंपनियों की ओर से लगाए गए स्टालों का निरीक्षण किया और वहां प्रदर्शित मिलेट्स एवं उनके उत्पादों की जानकारी ली।

वैज्ञानिकों ने बताए खेती के तरीके
उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल के निर्देशन में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत मिलेट्स की उन्नति के लिए आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के तकनीकी सत्र में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को खेती की आधुनिक तकनीकों की जानकारी दी। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. मनीष पांडेय, डॉ. अमितेश सिंह और डॉ. पूजा सिंह ने कृषि, उद्यान, पशुपालन और मिलेट्स की उन्नत खेती से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से जानकारी दी। जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह, भूमि संरक्षण अधिकारी अशोक यादव और वरिष्ठ वैज्ञानिक एनके सिंह ने भी किसानों को संबोधित किया। विशेषज्ञों ने खेती में मृदा परीक्षण, जल संरक्षण, फसल सुरक्षा और उन्नत कृषि तकनीकों के महत्व पर जोर दिया।

गीतों के जरिए दिया खेती का संदेश
एक दिवसीय मिलेट्स महोत्सव में किसानों को जागरूक करने के लिए लोक कलाकारों ने भोजपुरी और लोकगीतों की प्रस्तुति दी। गीतों के माध्यम से मृदा परीक्षण, जल संरक्षण, फसल सुरक्षा और मिलेट्स के गुणों से जुड़ी जानकारी दी गई। मनोरंजक अंदाज में दी गई जानकारी किसानों के बीच आकर्षण का केंद्र रही।

स्टालों पर उमड़ी किसानों की भीड़
मेले में निजी संस्थाओं की ओर से लगाए गए मिलेट्स और उनके उत्पादों के स्टाल किसानों के आकर्षण का केंद्र रहे। कृषि विभाग, कृषि रक्षा और मृदा परीक्षण के स्टालों पर भी किसानों ने जानकारी ली। जिले के विभिन्न विकासखंडों से बड़ी संख्या में किसान और कृषि विभाग के कर्मचारी कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम का संचालन सहायक निदेशक मृदा परीक्षण स्नेह प्रभा और जिला कृषि अधिकारी ने संयुक्त रूप से किया। कृषि वैज्ञानिक एनके सिंह ने धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया।


