आजीविका मिशन की समीक्षा में डीएम सख्त, एक सप्ताह में डिजिटल आजीविका रजिस्टर पूरा करने के निर्देश
वाराणसी। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। बैठक में विभिन्न योजनाओं की प्रगति का आकलन किया गया तथा निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर जोर दिया गया।
समीक्षा बैठक के दौरान उपायुक्त स्वतः रोजगार पवन कुमार सिंह ने मिशन के अंतर्गत संचालित कार्यक्रमों की प्रगति से जिलाधिकारी को अवगत कराया। पात्र गृहस्थी कार्ड धारकों को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने की धीमी गति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अगली समीक्षा बैठक तक इस दिशा में संतोषजनक प्रगति सुनिश्चित की जाए, ताकि अधिक से अधिक पात्र महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें और लखपति महिला क्लब जैसी पहल का हिस्सा बन सकें।
सामुदायिक निवेश निधि (सीआईएफ) के अंतर्गत कम प्रगति पाए जाने पर जिलाधिकारी ने संबंधित विकासखंड अधिकारियों और सहायक विकास अधिकारियों (ग्राम विकास) को फटकार लगाते हुए 15 दिनों के भीतर सुधार लाने के निर्देश दिए। महिलाओं को स्वरोजगार और आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने के लिए उन्होंने प्रत्येक ग्राम पंचायत में आजीविका संवर्धन केंद्र स्थापित करने पर जोर दिया। साथ ही गांवों में स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप सिलाई केंद्र, ब्यूटी पार्लर, जनरल स्टोर और अन्य रोजगारपरक गतिविधियों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।
बैठक में डिजिटल आजीविका रजिस्टर कार्यक्रम की समीक्षा भी की गई। इस योजना की प्रगति संतोषजनक न मिलने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए निर्देश दिया कि अगले एक सप्ताह के भीतर डिजिटल आजीविका रजिस्टर का कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण किया जाए।
इसके बाद प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत स्थायी पात्रता सूची तैयार करने को लेकर भी समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन द्वारा निर्धारित मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) के अनुसार 30 जून तक पात्रता सूची तैयार कर ली जाए। उन्होंने बताया कि सूची में शामिल सूचनाओं का सत्यापन ग्राम सभाओं की बैठकों के माध्यम से किया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत में 25 जून तक रोस्टर के अनुसार ग्राम सभा बैठकों का आयोजन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का अधिकतम लाभ मिल सके।

