अखिलेश के काशी में मेट्रो के वादे पर चिराग पासवान का पलटवार, बोले- पहले विकास किया होता तो पीएम मोदी को बनारस नहीं आना पड़ता
- वाराणसी की नव संकल्प महारैली में चिराग पासवान ने पूर्ववर्ती सरकारों पर साधा निशाना
- कहा- पीढ़ियों तक यूपी में शासन करने का मौका मिला
- गठबंधन नहीं हुआ तो सभी 403 सीटों पर चुनाव लड़ेगी लोजपा (रामविलास),
- ओम प्रकाश राजभर को बताया अपना बड़ा
वाराणसी। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के वाराणसी में मेट्रो चलाने के वादे पर केंद्रीय मंत्री एवं लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने काशी से पलटवार किया है। गुरुवार को वाराणसी में आयोजित पार्टी की 'नव संकल्प महारैली' में चिराग ने बिना नाम लिए अखिलेश यादव और पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जो लोग आज बनारस आकर विकास करने की बात कर रहे हैं, उन्हें पीढ़ियों से उत्तर प्रदेश में शासन करने का मौका मिला। अगर उनकी सोच इतनी अच्छी होती तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यहां आकर विकास नहीं करना पड़ता।
चिराग पासवान का यह बयान ऐसे समय आया है, जब दो दिन पहले वाराणसी पहुंचे अखिलेश यादव ने प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर काशी में मेट्रो चलाने और वरुणा नदी का कायाकल्प करने का वादा किया था।
'पीढ़ियों तक शासन किया, तब विकास क्यों नहीं हुआ?'
नव संकल्प महारैली को संबोधित करते हुए चिराग पासवान ने पूर्ववर्ती सरकारों के विकास संबंधी दावों पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा, "जो लोग कहते हैं कि बनारस में आकर विकास करेंगे, उन्हें पीढ़ियों से यूपी में शासन करने का मौका मिला। अगर उनकी सोच इतनी अच्छी होती तो मेरे प्रधानमंत्री को यहां आकर विकास नहीं करना पड़ता।"
चिराग के इस बयान को अखिलेश यादव के मेट्रो के वादे पर राजनीतिक जवाब के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, उन्होंने अपने बयान में सपा अध्यक्ष का नाम नहीं लिया।
गठबंधन पर बातचीत जारी, नहीं हुआ तो 403 सीटों पर लड़ेंगे चुनाव
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर चिराग पासवान ने अपनी पार्टी की रणनीति भी स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गठबंधन को लेकर बातचीत चल रही है।
चिराग ने कहा कि यदि गठबंधन नहीं होता है तो लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) उत्तर प्रदेश की सभी 403 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
उन्होंने कहा कि पार्टी प्रदेश में अपना संगठन मजबूत करने और विभिन्न सामाजिक वर्गों की आवाज उठाने के लिए काम कर रही है।
ओम प्रकाश राजभर पर बोले चिराग- 'वो हमारे बड़े हैं, उनका बहुत सम्मान करता हूं'
महारैली के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री एवं सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर को लेकर पूछे गए सवाल पर चिराग पासवान ने संयमित प्रतिक्रिया दी।
उन्होंने कहा, "वो हमारे बड़े हैं और मैं व्यक्तिगत रूप से ओम प्रकाश राजभर जी का बहुत सम्मान करता हूं। बस हमें भाषा की मर्यादा का ध्यान रखना चाहिए।"
चिराग ने राजभर के प्रति सम्मान जताते हुए राजनीतिक बयानबाजी में भाषा की मर्यादा बनाए रखने पर जोर दिया।
हालांकि, इसी महारैली में लोजपा (रामविलास) के उत्तर प्रदेश प्रभारी अरुण भारती ने राजभर पर निशाना साधते हुए कहा, "आप हमारे राजा नहीं हैं, बस राजभर हैं।"
'जब तक चिराग पासवान जिंदा है, आरक्षण खत्म नहीं होने दूंगा'
महारैली को संबोधित करते हुए चिराग पासवान ने कहा कि वह सामाजिक न्याय के अपने पिता रामविलास पासवान के सपनों को पूरा करने के लिए बाबा विश्वनाथ की नगरी में आए हैं।
उन्होंने दावा किया कि उनके पिता ने संसद में पहली बार बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित कराने का काम किया था।
आरक्षण के मुद्दे पर चिराग ने कहा, "जब तक चिराग पासवान जिंदा है, तब तक आरक्षण को कोई खत्म नहीं कर सकता।"
उन्होंने कहा कि वह पासी समाज के साथ अगड़े समाज की भी आवाज बनने का काम करेंगे।
यूपी में युवा आयोग बनाने का वादा
चिराग पासवान ने कहा कि बिहार में युवा आयोग का गठन किया गया है और उत्तर प्रदेश में भी उनकी पार्टी युवा आयोग के गठन की दिशा में काम करेगी।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश को विकसित बनाने का संकल्प लेकर वह यहां आए हैं। चिराग ने कहा, "यूपी को जब तक विकसित नहीं बना दूंगा, तब तक चैन की सांस नहीं लूंगा।"
महारैली में लोजपा (रामविलास) के प्रदेश अध्यक्ष राजीव पासी और उत्तर प्रदेश प्रभारी अरुण भारती समेत पार्टी के कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
इस दौरान 'गूंजे धरती आसमान, पंडित, पासी, पासवान' के नारे भी लगाए गए।

