नगर निगम की बड़ी राहत: 15 जुलाई तक टैक्स पर 12% छूट, दिव्यांगों को पूरी माफी, वरुणा रिवर फ्रंट को मंजूरी
वाराणसी। नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक में शहर के विकास, कर व्यवस्था में राहत और बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करने को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। महापौर अशोक कुमार तिवारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में करीब 2.33 लाख भवन स्वामियों को राहत देने के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों को भी प्राथमिकता दी गई। 15 जुलाई तक टैक्स पर 12 फीसदी की छूट दी गई। वहीं दिव्यांगों को पूरी माफी के साथ ही वरूणा रिवर फ्रंट को मंजूरी प्रदान की गई।
15 जुलाई तक टैक्स जमा करने पर विशेष छूट
नगर निगम ने चालू वित्तीय वर्ष में गृहकर, जलकर और सीवर कर जमा करने वाले भवन स्वामियों के लिए आकर्षक छूट की घोषणा की है। 15 जुलाई तक टैक्स जमा करने पर 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी, जबकि ऑनलाइन माध्यम से भुगतान करने पर यह छूट बढ़ाकर 12 प्रतिशत कर दी गई है। निगम का उद्देश्य डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा देना और करदाताओं को समय पर भुगतान के लिए प्रोत्साहित करना है।

जिन नागरिकों ने पहले ही अपना टैक्स जमा कर दिया है, उनके लिए भी राहत का प्रावधान रखा गया है। उन्हें मिलने वाली छूट की राशि अगले वित्तीय वर्ष के बिल में समायोजित कर दी जाएगी। इसके अलावा व्यापारियों के लिए लाइसेंस शुल्क में भी 10 प्रतिशत की छूट का प्रावधान किया गया है, जिससे व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
दिव्यांगों के लिए मानवीय पहल
बैठक में एक महत्वपूर्ण सामाजिक निर्णय लेते हुए दृष्टिहीन और 80 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले भवन स्वामियों के लिए गृहकर, जलकर और सीवर कर को पूरी तरह माफ करने का फैसला लिया गया। हालांकि इस लाभ के लिए पात्र व्यक्तियों को सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी प्रमाण पत्र निगम में प्रस्तुत करना होगा। इस निर्णय को एक संवेदनशील और मानवीय पहल के रूप में देखा जा रहा है।
वरुणा रिवर फ्रंट को मिली मंजूरी
शहर के पर्यावरण और सौंदर्यीकरण को ध्यान में रखते हुए वरुणा नदी के किनारे रिवर फ्रंट विकसित करने के प्रस्ताव को शासन से हरी झंडी मिल गई है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने बताया कि इस परियोजना के तहत कुल 48 नालों को टैप किया जाएगा, जिनमें 17 खुले नाले शामिल हैं।
इसके अलावा वरुणा किनारे नई सीवर लाइन बिछाई जाएगी, जिससे नदी में सीधे मलजल गिरने की समस्या समाप्त हो जाएगी। करीब 5 से 8 फीट ऊंचे इस रिवर फ्रंट प्रोजेक्ट को डेढ़ वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस परियोजना से न केवल नदी को प्रदूषण मुक्त करने में मदद मिलेगी, बल्कि शहर के सौंदर्यीकरण को भी नई दिशा मिलेगी।
जमीन विनिमय से विकास को गति
शहर के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए नगर निगम ने रक्षा संपदा विभाग और रेलवे से जमीन लेने का प्रस्ताव पास किया है। इसके बदले निगम बराबर मूल्य की जमीन उन्हें देगा। इस योजना के तहत कैंटोंमेंट, फुलवरिया, डोमरी, सूजाबाद और अन्य क्षेत्रों की भूमि शामिल है।
रेलवे से घौसाबाद, लहरतारा-मंडुआडीह मार्ग और गुडशेड बाजार के आसपास की भूमि लेने की योजना है। इसके अलावा लहरतारा में पोर्टेबल कंपेक्टर ट्रांसफर स्टेशन (पीसीटीएस) स्थापित करने का निर्णय लिया गया है, जिससे कचरा प्रबंधन व्यवस्था बेहतर होगी।
पंचक्रोशी यात्रा की तैयारियों पर जोर
आगामी पंचक्रोशी यात्रा को देखते हुए कार्यकारिणी ने व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश दिए हैं। यात्रा मार्ग पर सड़कों की मरम्मत, स्वच्छ पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, पंखे और स्वास्थ्य शिविरों की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है।
सदस्यों ने पिछली यात्राओं में आई समस्याओं का हवाला देते हुए इस बार विशेष तैयारी करने पर जोर दिया। बुजुर्गों और महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मार्ग को सुरक्षित और सुगम बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
शहर के सौंदर्यीकरण और विरासत पर फोकस
उपसभापति नरसिंह दास ने शहर के पूर्व महापौरों और नगर प्रमुखों के आवास तक जाने वाले मार्गों के पुनर्निर्माण और सौंदर्यीकरण का प्रस्ताव रखा। साथ ही पार्कों और महापुरुषों की प्रतिमाओं की स्थिति सुधारने की आवश्यकता पर बल दिया गया।
पर्यटन को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक शौचालयों के प्रबंधन में भी बड़ा बदलाव किया गया है। अब शहर के यूरिनल्स को पूरी तरह निःशुल्क किया जाएगा और वहां हिंदी व अंग्रेजी में रेट बोर्ड लगाए जाएंगे। एक सप्ताह के भीतर इस व्यवस्था को लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। बेहतर रखरखाव के लिए विशेष एजेंसी नियुक्त करने पर भी सहमति बनी है।
सुव्यवस्थित होगा फल बाजार
सड़क किनारे लगने वाले ठेले-गुमटियों को व्यवस्थित करने के लिए सिगरा क्षेत्र में भारत सेवाश्रम से सुलभ शौचालय तक एक आधुनिक “फल बाजार” विकसित किया जाएगा। इसका उद्देश्य यातायात को सुचारु रखना और नागरिकों को बेहतर खरीदारी सुविधा देना है।
अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
बैठक में जल निकासी सुधारने के लिए कच्चे नालों को पक्का करने की योजना लाने के निर्देश दिए गए। गर्मी को देखते हुए शहर के चौराहों और तालाबों पर बंद पड़े फव्वारों को चालू करने की मांग भी उठी। साथ ही, वार्डों में हुए विकास कार्यों की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए 2023 से 2026 तक के सभी कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट पार्षदों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। ठेकेदारों द्वारा कम दर पर टेंडर डालने और भुगतान में कटौती के मुद्दे की जांच की मांग भी उठाई गई।
बैठक में उपस्थिति
बैठक में उपसभापति नरसिंह दास, कार्यकारिणी सदस्य अमरदेव यादव, प्रमोद राय, हनुमान प्रसाद, प्रवीण राय, सुशील गुप्ता, मदन मोहन तिवारी, राजकुमार चौधरी, अशोक मौर्या, माधुरी सिंह, सुशीला देवी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे। साथ ही नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल, अपर नगर आयुक्त सविता यादव, अमित कुमार, संगम लाल, संयुक्त नगर आयुक्त कृष्ण चंद्र और अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।

