राष्ट्रीय फलक पर चमके बीएचयू के कृष्णा सिंह, मिला नेशनल फोटोग्राफी अवार्ड
19वीं अखिल भारतीय छायाचित्र कला प्रदर्शनी में उत्कृष्ट कृति का चयन, 20 हजार रुपये नकद, अंगवस्त्रम और प्रशस्ति पत्र से सम्मान
देश भर के छायाकारों की प्रविष्टियों के बीच रचनात्मक दृष्टि और कलात्मक प्रस्तुति ने निर्णायक मंडल को किया प्रभावित
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के दृश्य कला संकाय के असिस्टेंट प्रोफेसर कृष्णा सिंह ने छायाचित्र कला के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्धि हासिल की है। राज्य ललित कला अकादमी की ओर से आयोजित 19वीं अखिल भारतीय छायाचित्र कला प्रदर्शनी एवं प्रतियोगिता में उनकी उत्कृष्ट छायाचित्र कृति का चयन राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए किया गया। पांच अक्टूबर को आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में कृष्णा सिंह को नेशनल फोटोग्राफी अवार्ड से सम्मानित किया गया।
समारोह में उन्हें कला एवं छायाचित्र के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए 20 हजार रुपये की नकद पुरस्कार राशि, अंगवस्त्रम और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। राष्ट्रीय स्तर पर मिली इस उपलब्धि से बीएचयू के दृश्य कला संकाय और विश्वविद्यालय परिवार में खुशी का माहौल है।

देश भर से आईं छायाचित्र कृतियां
19वीं अखिल भारतीय छायाचित्र कला प्रदर्शनी में देश के विभिन्न हिस्सों से वरिष्ठ और उभरते छायाकारों ने अपनी कृतियां भेजी थीं। प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में प्रविष्टियां शामिल हुईं। इनमें कृष्णा सिंह की कृति ने अपनी रचनात्मकता, विषय की गहराई, सूक्ष्म दृष्टि और प्रभावी कलात्मक प्रस्तुति के कारण निर्णायक मंडल का ध्यान आकर्षित किया।
उनके छायाचित्रों में भारतीय संस्कृति, कला और जनजीवन के विभिन्न पहलुओं को अलग दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया गया है। प्रकाश और छाया का संतुलित प्रयोग, विषय का चयन, फ्रेम की संरचना और दृश्य संयोजन उनकी फोटोग्राफी की विशेषता रही। निर्णायक मंडल ने उनके कार्य की सराहना करते हुए उसे राष्ट्रीय सम्मान के लिए चुना।

दृश्य कला संकाय में खुशी की लहर
कृष्णा सिंह को राष्ट्रीय पुरस्कार मिलने की जानकारी के बाद बीएचयू के दृश्य कला संकाय में खुशी का माहौल है। संकाय के प्रमुख और वरिष्ठ प्राध्यापकों ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि यह सम्मान उनकी प्रतिभा, निरंतर अभ्यास और कलात्मक दृष्टि का परिणाम है। राष्ट्रीय स्तर की उपलब्धि से न केवल कृष्णा सिंह बल्कि दृश्य कला संकाय और बीएचयू की प्रतिष्ठा भी बढ़ी है।
संकाय के शिक्षकों का कहना है कि कृष्णा सिंह की उपलब्धि विद्यार्थियों और युवा कलाकारों के लिए प्रेरणादायक है। इससे नई पीढ़ी को छायाचित्र कला में नए प्रयोग करने और अपनी रचनात्मक प्रतिभा को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने का प्रोत्साहन मिलेगा।
सम्मान को बताया नई ऊर्जा का स्रोत
सम्मान प्राप्त करने के बाद कृष्णा सिंह ने कहा कि राज्य ललित कला अकादमी की ओर से राष्ट्रीय स्तर पर मिला यह पुरस्कार उनके लिए गर्व और प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने अपने संकाय, बीएचयू प्रशासन और सहयोगियों के प्रति आभार जताया।
उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनके लिए केवल एक उपलब्धि नहीं, बल्कि आगे और बेहतर रचनात्मक कार्य करने की प्रेरणा है। इससे छायाचित्र कला के क्षेत्र में नए प्रयोग करने और भारतीय कला, संस्कृति तथा जनजीवन से जुड़े विषयों को अधिक प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने का उत्साह मिला है। विश्वविद्यालय परिवार ने कृष्णा सिंह की उपलब्धि को कला के क्षेत्र में बीएचयू की सक्रियता और निरंतर बढ़ती प्रतिष्ठा की महत्वपूर्ण कड़ी बताया। राष्ट्रीय पुरस्कार मिलने से उनके विद्यार्थियों और सहकर्मियों में भी उत्साह है।

