बीएचयू के शोध छात्र पर हमला, सप्लाई का काम छोड़ने का दबाव, मुकदमा दर्ज
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग के शोध छात्र सत्यम राय पर हमले के मामले में पुलिस ने तीन नामजद सहित कुल सात आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। घटना चितईपुर थाना क्षेत्र के करौंदी इलाके की है, जहां छात्र को बुलाकर मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है।
पीड़ित सत्यम राय ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि वह करौंदी स्थित हेमा अपार्टमेंट में रहते हैं और पढ़ाई के साथ-साथ निर्माण सामग्री की सप्लाई का काम भी करते हैं। उनका आरोप है कि इसी काम को लेकर कुछ लोग उन पर लगातार दबाव बना रहे थे।
तहरीर के अनुसार 9 अप्रैल को भावेश उपाध्याय ने उन्हें फोन कर नरिया गेट के पास बुलाया। वहां पहुंचने पर भावेश उपाध्याय और दर्शित पांडेय ने उनसे सप्लाई का काम बंद कर केवल पढ़ाई पर ध्यान देने को कहा और इस संबंध में दबाव बनाया। उस समय किसी तरह मामला शांत हो गया।
आरोप है कि शनिवार को फिर से फोन कर उन्हें करौंदी क्षेत्र स्थित नंद नगर पार्क के पास बुलाया गया। जब सत्यम राय वहां पहुंचे, तो पहले से मौजूद आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और अचानक उन पर हमला कर दिया। पीड़ित के अनुसार आरोपियों ने मिलकर उनकी पिटाई की, जिससे वह घायल हो गए। किसी तरह मौके से निकलकर उन्होंने अपनी जान बचाई और पुलिस को सूचना दी।
इस मामले में पुलिस ने भावेश उपाध्याय, एकांश सिंह और दर्शित पांडेय को नामजद आरोपी बनाया है, जबकि चार अन्य अज्ञात व्यक्तियों को भी अभियुक्त के रूप में शामिल किया गया है। सभी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। थाना प्रभारी राकेश गौतम ने बताया कि पीड़ित की शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।

