मुहर्रम पर हथियारों के प्रदर्शन पर रोक, नहीं शुरू होगी नई परंपरा, ताजियेदारों को बताई शासन की गाइडलाइन, उपद्रवियों से सख्ती से निबटेगा प्रशासन
वाराणसी। आगामी मुहर्रम को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से बुधवार को ट्रैफिक पुलिस लाइन सभागार में जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल एवं जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने की। इसमें ताजियादारों, धर्मगुरुओं, इमामों, शांति समिति के सदस्यों, सिविल डिफेंस प्रतिनिधियों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक में पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि मुहर्रम के दौरान किसी भी नई परंपरा की शुरुआत नहीं होने दी जाएगी। सभी ताजिया जुलूस पूर्व निर्धारित एवं पारंपरिक मार्गों से ही निकाले जाएंगे। उन्होंने कहा कि त्योहार की गरिमा बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने कहा कि वाराणसी में पिछले एक वर्ष के दौरान सभी प्रमुख त्योहार आपसी सौहार्द और शांति के वातावरण में संपन्न हुए हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि मुहर्रम भी उसी परंपरा के अनुरूप शांतिपूर्ण ढंग से मनाया जाएगा। उन्होंने सभी ताजियादारों से निर्धारित मानकों के अनुसार ताजियों की ऊंचाई और आकार रखने की अपील की तथा किसी भी प्रकार के हथियारों के प्रदर्शन से बचने को कहा।
बैठक में प्रशासन की ओर से कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए। तय किया गया कि प्रत्येक ताजिये के लिए एक उत्तरदायी समिति का गठन किया जाएगा, जो आयोजन की संपूर्ण जवाबदेही निभाएगी। जुलूस के दौरान किसी भी प्रकार की अराजकता, हुड़दंग या कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की स्थिति में संबंधित आयोजकों को जिम्मेदार माना जाएगा।

पुलिस आयुक्त ने कहा कि सभी जुलूसों की वीडियोग्राफी कराई जाएगी और ड्रोन व सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी रखी जाएगी। संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। सोशल मीडिया पर भी विशेष निगरानी रखी जाएगी तथा अफवाह फैलाने, भड़काऊ पोस्ट साझा करने या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने नगर निगम, पंचायतीराज, विद्युत, जल संस्थान और लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को त्योहार से पहले सभी आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए। ताजिया मार्गों की सफाई, चूना छिड़काव, पेयजल व्यवस्था, खराब हैंडपंप और आरओ प्लांट की मरम्मत, निर्बाध बिजली आपूर्ति तथा सड़कों के गड्ढे भरने के निर्देश दिए गए।

बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि जुलूसों में डीजे, ढोल-ताशों की ध्वनि निर्धारित मानकों के अनुरूप ही रहेगी। किसी भी प्रकार के भड़काऊ गीत, नारे या अस्त्र-शस्त्र का प्रदर्शन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इस अवसर पर अपर पुलिस आयुक्त शिवहरी मीणा, एडीएम सिटी पंकज कुमार, डीसीपी गौरव वंशवाल, नीतू कादयान, एडीसीपी ट्रैफिक अंशुमान मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, धर्मगुरु, ताजियादार और शांति समिति के सदस्य उपस्थित रहे।

