बरेका केंद्रीय चिकित्सालय में मातृ-शिशु पोषण पखवाड़े पर जागरुकता कार्यक्रम, नुक्कड़ नाटक के जरिये दिया संदेश
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) के केंद्रीय चिकित्सालय में शनिवार को मातृ एवं शिशु पोषण पखवाड़े के अंतर्गत एक व्यापक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह पखवाड़ा 9 अप्रैल से 23 अप्रैल तक मनाया जा रहा है। कार्यक्रम का आयोजन महाप्रबंधक आशुतोष पंत के दिशा-निर्देशन एवं प्रमुख मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश कुमार के नेतृत्व में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए डॉ. देवेश कुमार ने मातृ एवं शिशु पोषण के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गर्भावस्था से लेकर शिशु के शुरुआती वर्षों तक सही पोषण अत्यंत आवश्यक है, जो बच्चे के शारीरिक एवं मानसिक विकास की नींव रखता है। उन्होंने बच्चों में बढ़ते मोबाइल गेम और स्क्रीन टाइम के दुष्प्रभावों पर भी चिंता जताई और अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को संतुलित जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करें। इसके साथ ही उन्होंने स्वास्थ्य और शिक्षा के बीच संतुलन बनाए रखने पर भी जोर दिया।
शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. तन्मय आनन्द ने बच्चों के समुचित पोषण पर विस्तार से जानकारी दी और बताया कि संतुलित आहार, नियमित टीकाकरण और स्वच्छता बच्चों के स्वस्थ विकास के लिए जरूरी हैं। वहीं वरिष्ठ मंडल चिकित्सा अधिकारी एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. मधुलिका सिंह तथा डॉ. प्रेक्षा पाण्डेय ने गर्भवती एवं स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए आवश्यक पोषण तत्वों और देखभाल के बारे में महत्वपूर्ण सुझाव दिए।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण बरेका केंद्रीय चिकित्सालय में शिक्षा ग्रहण कर रहे छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक रहा। इस नाटक के माध्यम से गर्भवती महिलाओं के पोषण, बच्चों की देखभाल और मोबाइल गेम तथा स्क्रीन से दूरी बनाए रखने के संदेश को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया, जिसे उपस्थित लोगों ने सराहा।
इस अवसर पर पापुलर अस्पताल से आई शिक्षिका सुप्रिया सहित मुख्य नर्सिंग सुपरिटेंडेंट कमला श्रीनिवासन, चंद्रकला राव, सीता कुमारी सिंह, एलिस कुजूर, आरती, उषा जैसल, संजूलता गौतम, अस्पताल अटेंडेंट शकुंतला देवी, निर्मला देवी, उर्मिला देवी और फूला देवी सहित अन्य कर्मचारियों व सहयोगियों ने कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता निभाई।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने और समाज में जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। जनसंपर्क अधिकारी राजेश कुमार ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों का उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और बेहतर समाज का निर्माण करना है।

