पश्चिम बंगाल में चुनावी सभा में दिए गए सीएम योगी के बयान पर अजय राय का तीखा हमला, ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ का लगाया आरोप
वाराणसी। पश्चिम बंगाल में चुनावी सभा के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा दिए गए एक बयान को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है। इस मुद्दे पर उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए इसे इतिहास के साथ गंभीर छेड़छाड़ बताया है।
अजय राय ने कहा कि “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूँगा” जैसा अमर नारा महान क्रांतिकारी नेताजी सुभाषचंद्र बोस ने दिया था, जिसने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान युवाओं को प्रेरित कर आज़ादी की लड़ाई को नई दिशा दी। वहीं स्वामी विवेकानंद ने भारतीय समाज को आत्मविश्वास, आध्यात्मिकता और राष्ट्रनिर्माण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि दोनों महापुरुषों का संबंध बंगाल की धरती से रहा है, लेकिन उनके योगदान अलग-अलग क्षेत्रों में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री द्वारा इस तरह की टिप्पणी केवल एक साधारण भूल नहीं, बल्कि देश के इतिहास और महान व्यक्तित्वों के सम्मान के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने कहा कि बंगाल, जिसने विवेकानंद और सुभाष चंद्र बोस जैसे महान नेताओं को जन्म दिया, वहां इस प्रकार की ऐतिहासिक त्रुटि करना न केवल अज्ञानता को दर्शाता है, बल्कि यह भी बताता है कि चुनावी राजनीति में तथ्यों की अनदेखी की जा रही है।
अजय राय ने यह भी कहा कि जिस नारे को देश के बच्चे शुरुआती कक्षाओं में पढ़ते हैं, उसी को लेकर मुख्यमंत्री का भ्रमित होना चिंताजनक है। उनके अनुसार, यह केवल एक गलती नहीं बल्कि उस मानसिकता का संकेत है जिसमें अध्ययन और तथ्य पीछे छूट गए हैं और भाषणबाजी व प्रचार को प्राथमिकता दी जा रही है।
उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि आज की राजनीति में इतिहास को तोड़-मरोड़ कर पेश करना, महापुरुषों को विभाजित करना और युवाओं को भ्रमित करना एक रणनीति बन चुकी है। साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार युवाओं की समस्याओं को समझने में विफल रही है और प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता को लेकर भी गंभीर नहीं है।
अजय राय ने कहा कि एक मुख्यमंत्री का दायित्व केवल प्रशासन चलाना नहीं, बल्कि प्रदेश और देश की छवि को मजबूत करना भी होता है। दूसरे राज्य में जाकर इस प्रकार की गलतियां पूरे प्रदेश की प्रतिष्ठा को प्रभावित करती हैं। उन्होंने अंत में कहा कि राजनीति में मतभेद हो सकते हैं, लेकिन इतिहास और महापुरुषों के सम्मान के साथ कोई समझौता नहीं होना चाहिए। कांग्रेस पार्टी सत्य और ऐतिहासिक तथ्यों के साथ हमेशा खड़ी रही है और आगे भी रहेगी।

