प. बंगाल में किशोरी से दुष्कर्म और हत्या का आरोपित ढेर, बारुईपुर मुठभेड़ की याद ताजा

WhatsApp Channel Join Now
प. बंगाल में किशोरी से दुष्कर्म और हत्या का आरोपित ढेर, बारुईपुर मुठभेड़ की याद ताजा


कोलकाता, 27 अक्टूबर (हि.स.)। पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के गाईघाटा में मंगलवार तड़के 17 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म और हत्या का मुख्य आरोपित पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। यह घटना इस साल जुलाई में दक्षिण 24 परगना के बारुईपुर में हुए पुलिस एनकाउंटर से काफी मेल खाती है। पुलिस मुठभेड़ की क्रमबद्ध जानकारी पिछले मामले के ही समान है, जिसमें देर रात 'क्राइम सीन रीक्रिएशन' (अपराध स्थल के नाट्य रूपांतरण) शामिल है ।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपित प्रह्लाद दास को मंगलवार तड़के घटना के नाट्य रूपांतरण के लिए घटनास्थल पर ले जाया गया । यह स्थान बांग्लादेश सीमा से लगभग चार किलोमीटर दूर है। पुलिस का दावा है कि इस दौरान प्रह्लाद ने अचानक एक अधिकारी का सर्विस रिवॉल्वर छीन लिया और फायरिंग शुरू कर दी। उसने तीन राउंड गोलियां चलाईं, जिसमें एक पुलिसकर्मी घायल हो गया। इसके बाद आत्मरक्षा में पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए चार राउंड फायर किए। गोली लगने से गंभीर रूप से घायल प्रह्लाद को तुरंत चांदपाड़ा ग्रामीण अस्पताल ले जाया गया, जहां ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

प्रह्लाद पीड़ित किशोरी के परिवार का रिश्तेदार बताया गया है। रविवार को एक पड़ोसी के घर के पीछे से नाबालिग का निर्वस्त्र और क्षत-विक्षत शव मिलने के बाद उसे गिरफ्तार किया गया था। यह किशोरी शनिवार रात अपने परिवार और दोस्तों के साथ संगीत कार्यक्रम (जलसा) देखने गई थी। परिजनों के मुताबिक, रात करीब 11:30 बजे उसे एक फोन कॉल आया, जिसके बाद वह कार्यक्रम स्थल से निकल गई और लापता हो गई। रात भर चले सघन तलाशी अभियान के बाद रविवार सुबह उसका शव बरामद किया गया।

गाईघाटा की इस मुठभेड़ ने साढ़े तीन महीने पहले बारुईपुर में हुए ऐसे ही एक मामले की यादें ताजा कर दी हैं, जहां एक नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मुख्य आरोपित प्रभास मंडल की भी पुलिस की गोली लगने से मौत हो गई थी। जुलाई की उस घटना में भी पुलिस ने ठीक यही दावा किया था कि देर रात 'क्राइम सीन रीक्रिएशन' के दौरान आरोपित ने पुलिस का हथियार छीनकर भागने का प्रयास किया था, जिसके बाद आत्मरक्षा में की गई जवाबी गोलीबारी में उसकी मौत हो गई थी।

बारुईपुर के उस एनकाउंटर को लेकर काफी विवाद हुआ था और कलकत्ता उच्च न्यायालय ने इसमें कड़ा रुख अपनाते हुए पुलिस से विस्तृत रिपोर्ट तलब की थी। साथ ही, अदालत ने घटना से जुड़े सीसीटीवी फुटेज को सुरक्षित रखने के भी निर्देश दिए थे। वह मामला अभी भी अदालत में विचाराधीन है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर

Livevns.news Desk
Livevns.news Desk

767401 Articles

Share this story