उत्तर प्रदेश में मौसम का कहर : आठ जिंदगी लील गयी आंधी-पानी और आकाशीय बिजली, कई घायल
- वाराणसी में 100 किलोमीटर प्रतिघंटा की गति से चली आंधी
- सुलतानपुर में छह मौतें, गाजीपुर और अमेठी में 1-1 मौत
- औरैया में कुएं में गिरी दो किशोरियां सकुशल निकाली गयीं
लखनऊ, 29 अप्रैल (हि.स.)। उत्तर प्रदेश में तेज गर्म हवा के बीच बुधवार दाेपहर अचानक मौसम बदल गया। आंधी-बारिेश और आकाशीय बिजली गिरने से भारी तबाही मची है। इस प्राकृतिक आपदा में अबतक दाे बच्चाें समेत 8 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 12 लोग घायल हैं। सबसे अधिक जनहानि सुलतानपुर में हुई। इसके अलावा कई जगह पेड़ टूटने से आवागमन बाधित हुआ और बिजली भी गुल रही। विमान सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं। मौसम विभाग ने कई जिलों में बारिश, आंधी और आकाशीय बिजली का अलर्ट जारी किया है।
उत्तर प्रदेश में बुधवार सुबह से तेज धूप और उमस रही लेकिन दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छाने लगे और कई स्थानों पर धूलभरी हवाएं चलीं। इसके बाद हल्की बारिश शुरू हो गई और कई जगह ओलावृष्टि भी हुई। राजधानी लखनऊ समेत प्रयागराज, वाराणसी, गाजीपुर, अमेठी, सुलतानपुर, औरैया कई जिलों में दिन में अंधेरा छा गया तेज हवा चलने से कई जगह पेड़ टूटने, कच्चे घराें के गिरने एवं दीवारों गिरने की घटनाएं भी हुई हैं।
वाराणसी में दोपहर बाद आई तेज आंधी से कई जगह टिन शेड, पेड़, होर्डिंग और दिशा सूचक बोर्ड, खंभे और पोस्टर बैनर होर्डिंग गिर गए। लहुराबीर से कैंट स्टेशन की ओर जाने वाले मार्ग पर लगा संकेतक गिरने से इसकी चपेट में दो दोपहिया वाहन भी दब गए जबकि हुकुलगंज में निर्माणाधीन दीवार गिरने से चार मजदूर घायल हो गए जिन्हें डीडीयू अस्पताल के ट्रामा सेंटर लाया गया है। कई इलाकों में बिजली की आपूर्ति बाधित है। इतना ही नहीं मौसम ख़राबी के कारण विभिन्न शहरों से वाराणसी आ रहे विमान लखनऊ और रांची डायवर्ट किए गए। इनमें पुणे से वाराणसी आ रही स्पाइस जेट की उड़ान एस जी 186 को लखनऊ को डायवर्ट किया गया।
इसी प्रकार जनपद सुल्तानपुर में अलग-अलग क्षेत्रों में आंधी-पानी के कहर से दाे मासूमाें समेत छह लाेगाें की मौत हो गई है, जबकि पेड़ गिरने से महिला गंभीर रूप से घायल है। पड़ाेसी जिले अमेठी के मुसाफिरखाना क्षेत्र में होर्डिंग्स गिरने से चार लोग घायल हो गए। इसी जिले के ही शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के माठा गांव मजरे माहिया सिंदुरिया में आकाशीय बिजली गिरने से खेत में काम कर रहे पति पत्नी और बेटा चपेट में आ गए, जिसके चलते गिरजा शंकर (45) पुत्र शिव अधार, उनकी पत्नी सुनीता (40) और पुत्र मोहित (18) गंभीर रूप से झुलस गए। तीनों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मोहित को मृत घोषित कर दिया। वहीं गिरजा शंकर और उनकी पत्नी सुनीता की हालत नाजुक बनी हुई है। उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। इसी प्रकार जनपद औरैया में हवा के तेज झोंके से दो किशोरियां कुंए में गिर गई लेकिन उन्हें बड़ी मशक्कत से तीन घंटे में सुरक्षित निकाल लेने से बड़ा हादसा टल गया और परिजनों ने राहत की सांस ली। इसी प्रकार प्रदेश के विभिन्न जिलाें में आंधी पानी से जन जीवन प्रभावित हुआ है।
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि मध्य क्षोभमण्डल में उत्तरी पाकिस्तान एवं संलग्न जम्मू कश्मीर के आसपास चक्रवाती परिसंचरण के रूप में संकेंद्रित पश्चिमी विक्षोभ तथा निम्न क्षोभमण्डल में पूर्वी उत्तर प्रदेश पर बने चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से बुदेलखंड के अतिरिक्त प्रदेश के अधिकांश भाग में आंधी-तूफ़ान के साथ हुई वर्षा हुई है। तापमान में प्रभावी गिरावट के परिणामस्वरूप प्रदेश में लू की स्थितियां लगभग समाप्त हो गईं, यद्यपि प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान बुन्देलखण्ड के बांदा में 45.8°C रिकॉर्ड किया गया| इसी क्रम में वाराणसी में 100 किमी प्रति घंटा से अधिक गति के झोकों के साथ प्रदेश के अनेक भागों में 50-60 किमी/घंटा रफ़्तार की तेज झोंकेदार हवा दर्ज की गईं|
उन्होंने बताया कि प्रदेश में जारी वर्तमान बेमौसम बारिश बिना किसी विशेष परिवर्तन के कल तक जारी रहने से प्रदेश के मध्यवर्ती एवं पूर्वांचल के इलाकों में आगामी 24 घण्टों के दौरान 2-4°C की गिरावट आने के उपरान्त वर्षा में संभावित कमी से मई के आरम्भिक 2-3 दिनों के दौरान तापमान में पुनः 3-5°C की वृद्धि के बाद 4-5 मई को अगले पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रादेशिक वर्षा में फिर से बढ़ोतरी होने से तापमान में पुनः गिरावट आने की सम्भावना है|
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हिन्दुस्थान समाचार / शिव सिंह

