(अपडेट) समरदुंग सुरंग त्रासदी: दो और शव मिलने से मृतकों की संख्या हुई 12, बचाव अभियान जारी

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(अपडेट) समरदुंग सुरंग त्रासदी: दो और शव मिलने से मृतकों की संख्या हुई 12, बचाव अभियान जारी


नाम्ची, 21 जुलाई (हि.स.)। सिक्किम के नाम्ची जिले के समरदुंग स्थित एनएचपीसी की तीस्ता स्टेज-6 जलविद्युत परियोजना की निर्माणाधीन सुरंग में हुए हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 12 हो गई है। मंगलवार शाम राहत एवं बचाव अभियान के दौरान सुरंग से दो और शव बरामद किए गए। प्रशासन ने आशंका जताई है कि अभी भी कुछ मजदूर सुरंग के भीतर फंसे हो सकते हैं, जिनकी तलाश के लिए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और राज्य की विभिन्न एजेंसियां लगातार अभियान चला रही हैं।

नाम्ची जिला प्रशासन ने आज शाम 6:30 बजे जारी आधिकारिक अपडेट में बताया कि हादसे में अब तक 12 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। राहत एवं बचाव दल सुरंग के भीतर फंसे अन्य मजदूरों की तलाश में जुटा है और अभियान युद्धस्तर पर जारी है। अधिकारियों ने कहा कि सुरंग के भीतर मौजूद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद बचाव कार्य लगातार आगे बढ़ाया जा रहा है।

इस बीच, प्रभावित परिवारों की सहायता और सूचना उपलब्ध कराने के उद्देश्य से भूमि राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अधीन सिक्किम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एसएसडीएमए) ने विशेष हेल्पलाइन शुरू की है। प्रशासन ने बताया कि अपने परिजनों के संबंध में जानकारी प्राप्त करने के इच्छुक लोग एनएचपीसी के अधिकारी राजीव रंजन कुरकेटा-98107-07398, नाम्ची जिला परियोजना अधिकारी सूरज राई-89279-81181, नाम्ची जिला आपातकालीन नियंत्रण कक्ष-03595-263009 तथा एसएसडीएमए के हेल्पलाइन-03592-201145/202461/205256 नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं।

उल्लेखनीय है कि सोमवार दोपहर करीब एक बजे समरदुंग स्थित एनएचपीसी की तीस्ता स्टेज-6 जलविद्युत परियोजना की निर्माणाधीन सुरंग में उस समय हादसा हो गया, जब भीतर निर्माण कार्य चल रहा था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार सुरंग के अंदर अचानक गैस का रिसाव होने से अफरा-तफरी मच गई। हालांकि गैस के प्रकार की आधिकारिक पुष्टि विशेषज्ञों की जांच के बाद ही की जाएगी।

गैस के रिसाव के बाद सुरंग के भीतर मौजूद मजदूर अपनी जान बचाने के लिए बाहर की ओर भागे। इस दौरान कई मजदूर सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि कुछ अंदर ही फंस गए। घटना की सूचना मिलते ही एनडीआरएफ, राज्य आपदा प्रबंधन की टीमें, पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित एजेंसियां मौके पर पहुंचीं और संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया।

अधिकारियों के अनुसार, सुरंग के भीतर विषैली गैस की आशंका, कम दृश्यता, संकरे रास्ते और अन्य प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण बचाव अभियान चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। इसके बावजूद फंसे हुए प्रत्येक मजदूर तक पहुंचने के लिए अभियान लगातार जारी है। प्रशासन ने कहा है कि जब तक सभी संभावित रूप से फंसे लोगों का पता नहीं चल जाता, तब तक खोज एवं बचाव अभियान जारी रहेगा।

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हिन्दुस्थान समाचार / Bishal Gurung

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