भाजपा ने पंजाब में लेक्चरर के खाली पदों पर एनसीएससी से हस्तक्षेप की मांग की
नई दिल्ली, 05 सितंबर (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पंजाब के विभिन्न सरकारी कॉलेज में आरक्षित 1,013 लेक्चरर के खाली पदों को लेकर बढ़ रहे विवाद के बीच राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (एनसीएससी) के अध्यक्ष किशोर मकवाना को पत्र लिखकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।भाजपा के केंद्रीय मुख्यालय प्रभारी एवं राज्यसभा सांसद तरुण चुग ने शनिवार को पत्र में कहा कि शिक्षक दिवस पर देशभर में शिक्षकों का सम्मान किया जा रहा है, वहीं पंजाब में एससी और पिछड़ा वर्ग के शिक्षक अपने संवैधानिक अधिकारों के लिए प्रदर्शन करने को मजबूर हैं। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक स्थिति बताया।भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार द्वारा भर्ती प्रक्रिया को जिस तरह संभाला गया, उससे अनुसूचित जाति और आरक्षण विरोधी मानसिकता झलकती है। अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग शिक्षक संघ खाली 1013 पदों पर शीघ्र नियुक्तियां करने की मांग कर रहा है। अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग शिक्षक संघ ने आरोप लगाया है कि भर्ती में निर्धारित 25 प्रतिशत अनुसूचित जाति और 12 प्रतिशत पिछड़ा वर्ग आरक्षण को सही तरीके से लागू नहीं किया गया।चुग ने आयोग से पंजाब सरकार से भर्ती का पूरा आरक्षण रोस्टर और संबंधित रिकॉर्ड तलब करने की मांग की है। उन्होंने आयोग से भर्ती प्रक्रिया की विस्तृत समीक्षा कराने और आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश देने का आग्रह किया, ताकि पात्र अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग के उम्मीदवारों को उनका संवैधानिक अधिकार मिल सके।-----------
हिन्दुस्थान समाचार / विजयालक्ष्मी

