(लीड) नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश में ओमान के तट पर अमेरिका ने डुबोया तेल टैंकर
नई दिल्ली, 09 जून (हि.स.)। ओमान के मसिराह तट के पास चेतावनियों को लगातार नजरअंदाज करने और नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश में अमेरिका ने सोमवार को पलाऊ ध्वज वाले तेल टैंकर एमटी मैरिवेक्स पर मिसाइल से हमला कर दिया। हालांकि, इस पर सवार सभी 24 भारतीय नाविक सुरक्षित हैं और उन्हें ओमानी अधिकारियों की मदद से बचा लिया गया है।
भारत के बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय के निदेशक ओपेश कुमार शर्मा ने पत्रकार वार्ता में बताया कि यह जहाज खाली था और उस पर 24 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार थे। सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं। यह ब्लैक लिस्टेड जहाज अमेरिकी नौसेना की चेतावनियों को लगातार नजरअंदाज करके नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश कर रहा था। यह जहाज विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय (ओएफएसी) से प्रतिबंधित जहाजों की सूची में शामिल था।
मिली जानकारी के अनुसार एमटी मैरिवेक्स ने पश्चिम एशिया संघर्ष के चलते पिछले कई दिनों में अमेरिकी नाकेबंदी को पार करने की चार कोशिशें की थी। तीन बार चेतावनी मिलने पर जहाज पीछे हट गया, लेकिन 8 जून को चौथे प्रयास में उसने ओमानी समुद्री क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश की। इस दौरान जहाज ने अपने सिग्नल उपकरण बंद कर दिए, ताकि उसका पता न चल सके। बार-बार चेतावनी न मानने के बाद अमेरिकी नौसेना ने अपने युद्धपोत यूएसएस अब्राहम लिंकन (सीवीएन 72) से एफ/ए‑18 सुपर हॉर्नेट लड़ाकू विमान के जरिए इस जहाज के इंजीनियरिंग और स्टीयरिंग हिस्सों पर सटीक हमला कर इसे डुबो दिया। हमले के समय जहाज खाली था और उसमें कोई माल लदा नहीं था।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने बयान जारी कर कहा कि 8 जून को ओमान की खाड़ी में अमेरिकी सेना ने बिना तेल वाले एक टैंकर को रोक दिया। यह टैंकर ईरान के बंदरगाह तक जाने की कोशिश करके नाकेबंदी का उल्लंघन कर रहा था। जब चालक दल ने अमेरिकी सेना के निर्देशों का पालन नहीं किया, तो एफ/ए‑18 सुपर हॉर्नेट विमान ने जहाज पर हमला किया।
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हिन्दुस्थान समाचार / प्रशांत शेखर

