मप्र के रायसेन में तीन दिवसीय राष्ट्रीय ‘उन्नत कृषि महोत्सव’ शुरू, रक्षा मंत्री ने किया उद्घाटन

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मप्र के रायसेन में तीन दिवसीय राष्ट्रीय ‘उन्नत कृषि महोत्सव’ शुरू, रक्षा मंत्री ने किया उद्घाटन


मप्र के रायसेन में तीन दिवसीय राष्ट्रीय ‘उन्नत कृषि महोत्सव’ शुरू, रक्षा मंत्री ने किया उद्घाटन


भोपाल, 11 अप्रैल (हि.स.)। मध्य प्रदेश के रायसेन जिला मुख्यालय स्थित रायसेन के दशहरा मैदान में तीन दिवसीय राष्ट्रीय उन्नत कृषि महोत्सव एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हो गया है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को दोपहर में इसका उद्घाटन किया। इस अवसर पर केन्द्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मप्र के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मौजूद रहे।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस अवसर पर कहा कि इस उन्नत कृषि महोत्सव में आप सभी के बीच उपस्थित होकर मुझे अत्यंत प्रसन्नता हो रही है। रायसेन की धरती पर आयोजित यह मेला हमारे किसान भाइयों और बहनों के लिए न केवल लाभकारी सिद्ध होगा, बल्कि उनके जीवन को बदलने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, मुझे इस बात का पूरा विश्वास है।

रक्षा मंत्री सिंह ने कहा कि एक किसान पूरे देश की अर्थव्यवस्था को चलाता है। अर्थव्यवस्था तीन हिस्सों में बंटी होती है। पहला- कृषि और पशुपालन। दूसरा- उद्योग। तीसरा- बैंकिंग, फैक्टरी-दुकान, इंटरनेट, स्कूल जैसी सेवाएं आती हैं। किसान की मेहतन पूरी व्यवस्था की शुरुआत है। किसान उस आधार की तरह है, जिस पर यह पूरी चेन तेजी से चलती है। कोई भी क्षेत्र हो, किसान की जमीन में ही सबकी जड़ें गड़ी हैं। यही सच्चाई है। युवा इस कृषि क्षेत्र से जुड़ें। खेती को स्मार्ट बनाया जा सकता है। इसके लिए आज कई तकनीकी मौजूद है। कृषि क्षेत्र में बहुत संभावनाएं हैं। खेती आने वाले समय में गर्व का विषय बने, यहीं हमारी सरकार का संकल्प है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हमेशा कहा है किसान हमारे देश की रीढ़ है। यह सिर्फ कहने की बात नहीं है। बीते सालों के पन्ने पलटेंगे तो आपको यह सब दिखेगा। हमारी सरकार ने किसानों के लिए बहुत काम किया है। हर साल किसानों के खाते में केंद्र सरकार 6 हजार डाल रही है। यह सिस्टम हमारी सरकार ने बनाया कि दिल्ली से निकला पैसा सीधे किसान के खाते में पहुंचे। पहले की सरकारों में ऐसा नहीं होता था। जो पैसा सरकार आपको दे रही है, यह कोई उपहार नहीं आपकी मेहनत का पैसा है। यह आपके खाद-बीज खरीदने के लिए है। पहले यदि फसल खराब होती थी, तो किसान के सामने कोई रास्ता नहीं होता था। अब आपके पास फसल बीमा है। सरकार ने आपको एक कार्ड दिया है। उससे अब आप अपनी जमीन की स्थिति जान सकते हैं।

उन्होंने कहा कि किसानों के लिए हर घर तक बिजली, पानी और सड़क की व्यवस्था की। कई जगह पहले कच्चे रास्ते थे, ट्रक नहीं पहुंच पाते थे। अब ऐसा नहीं है। खेतों तक बिजली आने से किसान आसानी से सिंचाई कर सकता है। मंडी को लेकर अब ऑनलाइन सिस्टम है। किसान घर बैठे अपनी फसल कहां बेचना है यह देख सकता है। अभी जितना बदलाव आया है, पर्याप्त नहीं है। अभी इसमें बहुत काम की जरूरत है। इसके लिए पैसा आड़े नहीं आएगा। आपके कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।

इससे पहले केन्द्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने संबोधन में कहा कि रायसेन कृषि मेले में देशभर से कृषि वैज्ञानिक, विशेषज्ञ, प्रगतिशील किसान और मंत्रीगण एकत्रित हुए हैं। यहां एकीकृत कृषि प्रणाली के व्यावहारिक प्रदर्शन भी किए जा रहे हैं, जिनमें बागवानी, एकीकृत खेती, आधुनिक तकनीक और ड्रोन के उपयोग सहित छोटे खेतों में अधिक लाभ प्राप्त करने के तरीकों पर जोर दिया गया है। राष्ट्रीय कृषि मेले में सिर्फ भाषण ही नहीं होंगे; वैज्ञानिक पहले प्रस्तुतियाँ देंगे, जिसके बाद किसान प्रश्न पूछ सकेंगे। यह मेला अद्भुत है। यहाँ किसानों को स्कूल की तरह ही शिक्षा दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रत्येक राज्य के लिए कृषि संबंधी रोडमैप तैयार किया जा रहा है, ताकि स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप कृषि को बढ़ावा दिया जा सके। इसी क्रम में, वैज्ञानिकों द्वारा विदिशा, रायसेन, सीहोर और देवास - इन चार जिलों के लिए विशेष कृषि रोडमैप तैयार किया गया है।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

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