दतिया उपचुनावः दिल्ली में भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन से मिले नरोत्तम, बोले- कोई भी पार्टी से ऊपर नहीं
ग्वालियर, 12 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के दतिया के उपचुनाव में टिकट कटने के बाद मचे सियासी बवाल के बाद पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने रविवार को दिल्ली पहुंचकर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन से मुलाकात की। बताया जा रहा है कि टिकट को लेकर उन्होंने अपनी बात रखी है।
मुलाकात के बाद नरोत्तम मिश्रा ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि यह अब स्पष्ट हो चुका है कि किसी भी व्यक्ति का कद पार्टी से बड़ा नहीं होता। टिकट न मिलना इस बात का जवाब है कि कोई भी पार्टी से ऊपर नहीं है। पार्टी का स्थान बहुत ऊंचा है और वह दूरगामी दृष्टि रखती है। पार्टी के इस निर्णय को पूर्ण सम्मान के साथ स्वीकार करना और संगठन के लिए काम करना ही हमारा एकमात्र उद्देश्य है। मैं एक समर्पित पार्टी कार्यकर्ता के रूप में काम करूंगा। मैं आशुतोष तिवारी के नामांकन दाखिल करने के समारोह में उपस्थित रहूंगा।
उन्होंने कहा कि मैं न कभी नाराज था, न होऊंगा। मैं न तो संगठन को दोष देता हूं और न ही मुख्यमंत्री को। मैं किसी पर उंगली नहीं उठा रहा हूं। मेरा मानना है कि मेरी ओर से कुछ कमी रही होगी। मैं आत्मनिरीक्षण करूंगा और खुद में सुधार करूंगा। कल मुख्यमंत्री आवास पर प्रदेश अध्यक्ष और क्षेत्रीय संयुक्त महासचिव (संगठन) अजय जमवाल जी के साथ हमारी बैठक हुई, जहां हमने दतिया उपचुनाव जीतने, नामांकन दाखिल करने और अन्य पार्टी कार्यकर्ताओं से संबंधित मामलों पर चर्चा की।
नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि टिकट न मिलना इस बात का जवाब है कि कोई भी पार्टी से ऊपर नहीं है। पार्टी बहुत ऊंचे स्थान पर है और वहां से दूर तक देख सकती है। पार्टी के फैसले को पूरे सम्मान के साथ स्वीकार करना और संगठन के लिए काम करना ही हमारा एकमात्र मकसद है। मैं एक समर्पित पार्टी कार्यकर्ता के तौर पर काम करूंगा। मैं आशुतोष तिवारी के नॉमिनेशन फाइलिंग में शामिल होऊंगा।
गौरतलब है कि दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान होना है। यहां से भाजपा के दिग्गज नेता और प्रदेश के पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा से चुनाव लड़ते आ रहे हैं, लेकिन इस बार भाजपा ने उनका टिकट काटकर आशुतोष तिवारी को मैदान में उतारा है। उनका नाम सामने आते ही नरोत्तम मिश्रा के समर्थकों ने जमकर हंगामा किया। शुक्रवार शाम से हजारों समर्थकों ने राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर चक्का जाम कर दिया, जिससे करीब 15 किलोमीटर लंबा जाम लग गया और आसपास के जिलों का यातायात प्रभावित हुआ।
पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने बताया कि प्रशासन ने कई बार प्रदर्शनकारियों से हाईवे खाली करने की अपील की, लेकिन वे नहीं माने। शनिवार तड़के करीब चार बजे प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े। इस दौरान छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। एसपी और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भी चोटिल हुए हैंं। पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में लिया है और उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। जिले में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर हालात पर नियंत्रण कर लिया गया है।
दतिया में सियासी संग्राम के बाद प्रदेश के आलाकमान ने नरोत्तम मिश्रा को भोपाल तलब किया था। शनिवार की रात नरोत्तम मिश्रा ने सीएम हाउस पहुंचकर मुख्यमंत्री मोहन यादव, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के साथ मुलाकात की थी। बाहर आकर नरोत्तम मिश्रा ने कहा था कि सारगर्भित चर्चा हुई है। दतिया को जिताने पर चर्चा हुई है। इसके बाद नरोत्तम दिल्ली रवाना हो गए थे। रविवार को उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन से मिलकर बात की। बताया जा रहा है कि दतिया के टिकट को लेकर उन्होंने अपनी बात रखी है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

