वेदांता पावर प्लांट हादसा: प्रबंधन की लापरवाही उजागर, चेयरमैन अनिल अग्रवाल समेत 19 पर एफआईआर

WhatsApp Channel Join Now
वेदांता पावर प्लांट हादसा: प्रबंधन की लापरवाही उजागर, चेयरमैन अनिल अग्रवाल समेत 19 पर एफआईआर


सक्ती, 16 अप्रैल (हि. स.)। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में स्थित वेदांता पावर प्लांट बुधवार को हुए हादसे में जांच के दौरान प्रथम दृष्टया प्रबंधन की गंभीर लापरवाही सामने आई है। इस मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल, प्लांट हेड देवेंद्र पटेल समेत कुल 19 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। सभी आरोपितों पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस ) की धारा 106, 289 और 3-5 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है।

सक्ती जिले के पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर ने वेदांता पावर प्लांट हादसे में एफआईआर दर्ज होने की आधिकारिक जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि यदि जांच के दौरान और भी लोग जिम्मेदार पाए जाते हैं, तो उनके नाम भी इस एफआईआर में जोड़े जाएंगे।

उल्लेखनीय है कि है कि 14 अप्रैल को वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण बॉयलर ब्लास्ट में अब तक 20 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि 16 श्रमिक गंभीर रूप से घायल हैं और उनका इलाज रायगढ़ और रायपुर के विभिन्न अस्पतालों में जारी है।रायगढ़ के बालाजी मेट्रो हॉस्पिटल में बनवारी लाल, उपेंद्र और परदेशी लाल चंद्रा का उपचार किया जा रहा है, जबकि उमेंद्र और किस्मत अली का इलाज रायपुर के निजी अस्पताल में चल रहा है। प्रशासन द्वारा जारी सूची के अनुसार, मृतकों में 5 श्रमिक छत्तीसगढ़ के निवासी थे, जबकि 15 अन्य राज्यों से थे, जिससे हादसे की गंभीरता और व्यापक प्रभाव का अंदाजा लगाया जा सकता है।कर्मचारी संघों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्लांट में क्षमता से अधिक बॉयलर का संचालन किया जा रहा था।

घटना के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ श्रम कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।

वहीं प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से भी प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष के तहत मुआवजे की घोषणा की गई है। इसके अनुसार, प्रत्येक मृतक के परिजन को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।

हादसे के बाद वेदांता प्रबंधन ने भी मृतकों के परिजनों को 35-35 लाख रुपये की सहायता राशि और परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने का ऐलान किया है। इसके अलावा घायलों को 15-15 लाख रुपये की आर्थिक मदद देने की बात कही गई है।

इस भीषण हादसे के बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है।

हिन्दुस्थान समाचार / LALIMA SHUKLA PUROHIT

Share this story