Magh Mela Prayagraj 2026: प्रयागराज पहुंचकर माघ मेला संगम क्षेत्र पहुंचने के लिए कहां से मिलेगा सीधा रिक्शा या ऑटो? यहां पढ़ें
माघ मेला 2026 इस बार 3 जनवरी से प्रयागराज संगम में लगने वाला है। साल 2025 में यहां पर महाकुंभ का आयोजन किया गया था, जिसे दर्शन और इसमें शामिल होने के लिए न केवल देश बल्कि दुनिया भर से लोगों का जमावड़ा देखने को मिला था। प्रयागराज का यह वार्षिक मेला न केवल धार्मिक बल्कि आस्था का केंद्र है। 44 दिनों तक चलने वाले इस मेले में लाखों श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में डुबकी लगाने आते हैं। हालांकि मेले के दौरान संगम पहुंचने के रास्तों का डायवर्जन किया जाता है। साथ ही भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन यातायात और परिवहन के विशेष इंतजाम करता है, ताकि स्टेशन या बस अड्डे से मेला क्षेत्र तक पहुंचना सुगम हो सके।
अगर आप भी साल 2026 के माघ मेले में आने की योजना बना रहे हैं, तो रास्ते और सवारी की सही जानकारी आपके होना जरूरी है। इस लेख में आज हम आपको माघ मेला क्षेत्र में पहुंचने के लिए ऑटो-रिक्शा कहां से मिलेंगी। नीचे जानिए पूरी जानकारी-
प्रयागराज जंक्शन से कहां मिलेगा संगम जाने का रिक्शा?

जंक्शन के सिविल लाइंस साइड या सिटी साइड, दोनों तरफ से आपको संगम के लिए सीधे ई-रिक्शा और ऑटो मिल जाएंगे। हालांकि परेड ग्राउंड से आपको संगम में पहुंचने के लिए आपको बाइक सर्विस की सुविधा दी मिलेगी।
प्रयागराज रामबाग रेलवे स्टेशन
यह संगम के सबसे नजदीक स्थित स्टेशन है। यहां से बाहर निकलते ही आपको बड़ी संख्या में ई-रिक्शा मिलते हैं जो कुछ ही मिनटों में आपको मेला क्षेत्र के प्रवेश द्वार तक पहुंचा देते हैं।
प्रयाग जंक्शन स्टेशन

यदि आप लखनऊ या अयोध्या की तरफ से आ रहे हैं, तो प्रयाग स्टेशन पर उतरना सही रहेगा। यहां से आपको संगम की तरफ जाने का ऑटो या रिक्शा मिल जाएगा, जो आपको चुंगी पर उतारेगा।
बस स्टैंड
अगर आप बस से इलाहाबाद यानी प्रयागराज आ रहे हैं, तो सिविल लाइंस उतरेंगे। यहां उतरने के बाद संगम रास्ते की ओर यानी सिविल लाइन हनुमान मंदिर पहुंचें। यहां से आप तिकोनिया चौराहे के लिए ऑटो मिल जाएगा। यहां उतरकर संगम क्षेत्र की ओर जा रहे रिक्शा या बाइक सर्विस लें।
इसके अलावा अगर आप शहर के दूसरी तरफ से आ रहे हैं, तो नैनी ब्रिज या नए झूंसी पुल के पास से आपको मेला क्षेत्र के अलग-अलग सेक्टरों के लिए साधन मिल सकती है।
स्नान पर्वों पर यातायात नियम में होंगे बदलाव
मुख्य स्नान तिथियों जैसे मकर संक्रांति 14 जनवरी और मौनी अमावस्या 18 जनवरी पर भारी भीड़ के कारण मेला क्षेत्र में वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहता है। इन दिनों में ऑटो या ई-रिक्शा आपको संगम से लगभग 3-5 किलोमीटर दूर जैसे बालसन चौराहा या चुंगी पर छोड़ पाएंगे। इसके बाद आपको पैदल ही मेला क्षेत्र तक जाना होगा।
माघ मेला के दौरान ऑटो या रिक्शा से जरूर पूछे किराया

माघ मेले के दौरान प्रशासन द्वारा ऑटो और ई-रिक्शा का किराया निर्धारित किया जाता है। फिर भी, बैठने से पहले चालक से किराया जरूर तय कर लें। इसके अलावा, सरकारी मेला स्पेशल बसें भी रेलवे स्टेशन और तय बस अड्डों से चलती हैं। इसके अलावा जगह-जगह पर रास्ते की जानकारी के लिए साइनबोर्ड या पुलिस सहायता केंद्रों का प्रबंध किया जाएगा।

