बिहार में टीआरई-4 को मिली मंजूरी, 32,388 शिक्षकों की भर्ती के लिए बीपीएससी को भेजी गई अधियाचना
पटना, 29 जुलाई (हि.स.)। बिहार में शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे लाखों अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। राज्य सरकार ने शिक्षक भर्ती परीक्षा (टीआरई-4) की प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए 32,388 शिक्षकों के पदों पर नियुक्ति के लिए शिक्षा विभाग की अधियाचना बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) को भेज दी है। इसके साथ ही चौथे चरण की शिक्षक भर्ती प्रक्रिया शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बुधवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर इसकी जानकारी देते हुए इसे बिहार के युवाओं के लिए एक और ऐतिहासिक सौगात बताया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, युवाओं को रोजगार और विकसित बिहार के संकल्प को साकार करने के लिए लगातार काम कर रही है। उनके अनुसार यह भर्ती अभियान विद्यालयों में शिक्षकों की कमी को दूर करने के साथ-साथ हजारों युवाओं को सरकारी सेवा का अवसर भी उपलब्ध कराएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि शिक्षा विभाग ने टीआरई-4 के लिए कुल 32,388 पदों की अधियाचना बीपीएससी को भेज दी है। अब आयोग भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाएगा। उम्मीद की जा रही है कि बीपीएससी जल्द ही विस्तृत भर्ती विज्ञापन जारी करेगा, जिसके बाद ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया प्रारंभ होगी।
सरकार की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, टीआरई-4 के तहत विभिन्न स्तरों पर शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। इसमें कक्षा पहली से पांचवीं तक के लिए 3,847 पद, कक्षा छठी से आठवीं तक के लिए 8,563 पद, कक्षा नौवीं से दसवीं तक के लिए 3,877 पद तथा कक्षा ग्यारहवीं से बारहवीं तक के लिए 16,101 पद निर्धारित किए गए हैं। इस प्रकार कुल 32,388 रिक्त पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।
शिक्षा विभाग द्वारा अधियाचना भेजे जाने के बाद अब अभ्यर्थियों की निगाहें बीपीएससी के आधिकारिक विज्ञापन पर टिकी हैं। आयोग की ओर से विज्ञापन जारी होने के बाद ऑनलाइन आवेदन की तिथि, पात्रता, विषयवार रिक्तियां, आरक्षण, परीक्षा कार्यक्रम, चयन प्रक्रिया, परीक्षा शुल्क तथा अन्य आवश्यक दिशा-निर्देशों की विस्तृत जानकारी सार्वजनिक की जाएगी।
गौरतलब है कि बिहार में पूर्व के तीन चरणों की शिक्षक भर्ती के माध्यम से बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों की नियुक्ति की जा चुकी है। ऐसे में टीआरई-4 की अधियाचना जारी होने के साथ ही लंबे समय से भर्ती का इंतजार कर रहे लाखों अभ्यर्थियों की उम्मीदों को नई गति मिली है।
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हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी

