बिहार में सीवान, मुजफ्फरपुर और भागलपुर जिला अदालतों को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा बल अलर्ट

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बिहार में सीवान, मुजफ्फरपुर और भागलपुर जिला अदालतों को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा बल अलर्ट


पटना, 28 जनवरी (हि.स.)। बिहार के सीवान, मुजफ्फरपुर और भागलपुर जिला अदालतों को बुधवार को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल प्राप्त हुआ। धमकी के बाद कोर्ट प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और सुरक्षा के मद्देनजर कोर्ट परिसर को खाली करा दिया गया।

मुजफ्फरपुर जिला सिविल कोर्ट में प्राप्त ई-मेल में सिलसिलेवार बम धमाके और आत्मघाती हमलावर के जरिए हमला करने की बात कही गई थी। घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला जज ने तत्काल प्रभाव से कोर्ट परिसर खाली कराने का निर्देश जारी किया। न्यायालय कर्मियों, वकीलों और आम जनता को सुरक्षित बाहर निकाला गया। बम निरोधक दस्ते (बीआरडीएस) और डॉग स्क्वायड को मौके पर बुलाया गया है, जो पुलिस परिसर की चप्पे-चप्पे तलाशी ले रही है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी कर रहे हैं।

पुलिस ने बताया कि ई-मेल के स्रोत का पता लगाने के लिए साइबर सेल की टीम जांच में जुटी है। फिलहाल पूरे कोर्ट परिसर को एक किले की तरह सख्त सुरक्षा व्यवस्था में बदल दिया गया है। जिला प्रशासन ने जनता से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।

सीवान सिविल कोर्ट में भी धमकी

सीवान सिविल कोर्ट को भी बम धमाके की धमकी ई-मेल के जरिए मिली। बार काउंसिल के सचिव नवेंदु शेखर दीपक को यह ई-मेल प्राप्त हुआ, जिसमें बताया गया कि बुधवार दोपहर 12 बजे कोर्ट को उड़ाने की योजना है। इसके बाद कोर्ट परिसर को पुलिस छावनी में बदल दिया गया। वकीलों और कर्मचारियों की गाड़ियों की जांच की जा रही है। जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष शंभु दत्त शुक्ला ने कहा कि कोर्ट परिसर में सुरक्षा जांच की जा रही है और कर्मचारियों तथा वकीलों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

भागलपुर सिविल कोर्ट में भी मिली धमकी

भागलपुर सिविल कोर्ट को भी बम धमाके की धमकी ई-मेल के जरिए दी गई। प्रशासनिक प्रभारी ने जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और एसपी नवगछिया को सूचना दी। एंटी बम स्क्वॉड और एंटी-सैबोटेज टीम से पूरे परिसर की जांच करने और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की गई। सूचना मिलते ही पुलिस और अन्य जांच एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं, जबकि साइबर सेल धमकी भेजने वाले की पहचान करने में जुटी है।

फिलहाल, अदालतों में कामकाज जांच पूरी होने और सुरक्षा सुनिश्चित होने तक रोका गया है।----------------

हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद चौधरी

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