देश के सभी हवाई अड्डों पर लगेगी एटीआरएस, 2027 तक सभी राज्यों में एफआरआरओ कार्यालय : अमित शाह

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नई दिल्ली, 08 जुलाई (हि.स.)। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह और केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू किंजरापु ने बुधवार को देश के प्रमुख हवाई अड्डों पर यात्री सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था और आव्रजन प्रणाली की समीक्षा की। बैठक में यात्रियों की आवाजाही को अधिक सुगम, सुरक्षित और आधुनिक बनाने के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

बैठक में गृह सचिव, खुफिया ब्यूरो (आईबी) के निदेशक, नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के महानिदेशक, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) के अध्यक्ष तथा गृह एवं नागरिक उड्डयन मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

अमित शाह ने निर्देश दिया कि देश के सभी हवाई अड्डों पर स्वचालित एक्स-रे ट्रे रिटर्न प्रणाली (एटीआरएस) को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाए, जिससे मानव संसाधन की आवश्यकता कम होगी और सुरक्षा जांच की प्रक्रिया अधिक तेज एवं प्रभावी बनेगी। उन्होंने यह भी कहा कि नए हवाई अड्डों में इस प्रणाली की स्थापना के लिए उपयुक्त मानक निर्धारित किए जाएं।

गृह मंत्री ने कहा कि हवाई अड्डों पर प्रवेश द्वार, चेक-इन काउंटर, सुरक्षा जांच लेन और आप्रवासन काउंटर जैसी सभी प्रक्रियाओं को एकीकृत करते हुए व्यापक ढांचा तैयार किया जाए, ताकि किसी भी स्तर पर यात्रियों की आवाजाही बाधित न हो। उन्होंने बताया कि प्रत्येक टच-पॉइंट के लिए समन्वित योजना तैयार की गई है, जिससे यात्रियों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित होगी।

शाह ने निर्माणाधीन 21 हवाई अड्डों तथा विकास के लिए चिन्हित 41 अन्य हवाई अड्डों को यात्री यातायात के आधार पर प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी 62 हवाई अड्डों पर विकास कार्य अगले दो वर्षों में पूरा किया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि सुरक्षा मानकों से कोई समझौता न हो तथा व्यावसायिक क्षेत्र निर्धारित मानकों के भीतर रहें।

उन्होंने नागरिक उड्डयन मंत्रालय को यात्री और विमान यातायात के आधार पर सभी हवाई अड्डों पर एयरोब्रिज की संख्या तय करने के मानक तैयार करने के निर्देश भी दिए। साथ ही, वर्तमान में 16 प्रमुख हवाई अड्डों पर उपलब्ध बैगेज ड्रॉप सुविधा को अधिक यात्री संख्या वाले अन्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों तक विस्तारित करने को कहा।

गृह मंत्री ने स्पष्ट किया कि एक्स-रे स्क्रीनिंग में तैनात सीआईएसएफ कर्मियों की शैक्षणिक योग्यता के निर्धारित मानकों में कोई ढील नहीं दी जानी चाहिए और आवश्यक योग्यता वाले अधिकारियों एवं कर्मियों को ही इस कार्य में लगाया जाए।

अमित शाह ने निर्देश दिया कि वर्ष 2027 तक सभी राज्यों की राजधानियों में विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) स्थापित कर दिए जाएं। उन्होंने अगरतला और जेवर हवाई अड्डों पर अधिकृत आप्रवासन चेक पोस्ट जल्द शुरू करने के भी निर्देश दिए।

उन्होंने फास्ट ट्रैक इमिग्रेशन–ट्रस्टेड ट्रैवलर्स प्रोग्राम (एफटीआई-टीटीपी) को लोकप्रिय बनाने के लिए एयरलाइंस के सहयोग से ऐसी व्यवस्था विकसित करने को कहा, जिसके तहत अंतरराष्ट्रीय टिकट बुक करते समय यात्रियों को व्हाट्सएप संदेश भेजकर इस पोर्टल पर पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।

बैठक में गृह मंत्री ने यह भी निर्देश दिया कि नागरिक उड्डयन मंत्रालय और सीआईएसएफ अलग-अलग स्वतंत्र तृतीय पक्ष एजेंसियों से व्यस्त यात्रा सीजन के दौरान अध्ययन कराएं, ताकि प्रमुख हवाई अड्डों के सभी टच-पॉइंट पर यात्रियों को होने वाली देरी का आकलन कर उसे कम करने के लिए प्रभावी उपाय किए जा सकें।

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हिन्दुस्थान समाचार / सुशील कुमार

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