होर्मुज जलडमरूमध्य में माइंस हटाने के मिशन में शामिल होगा जर्मनी

WhatsApp Channel Join Now

बर्लिन, 25 अप्रैल (हि.स.)। जर्मनी ने रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज जलडमरूमध्य में माइंस (समुद्री बारूदी सुरंगों) को हटाने के अंतरराष्ट्रीय प्रयासों में शामिल होने का फैसला किया है। जर्मन रक्षा मंत्रालय के अनुसार, नौसेना का माइंसवीपर जहाज “फुल्डा” को जल्द ही भूमध्य सागर में तैनात किया जाएगा, जहां से आगे की कार्रवाई की तैयारी की जाएगी।

हालांकि, मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि जहाज की वास्तविक तैनाती संघर्ष क्षेत्र के नजदीक तभी होगी, जब ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव पूरी तरह समाप्त हो जाएगा और इस मिशन को जर्मन संसद की मंजूरी मिल जाएगी। इस जहाज पर लगभग 45 सदस्यीय दल तैनात रहेगा, जो समुद्री मार्गों को सुरक्षित बनाने के लिए कार्य करेगा।

जर्मनी का यह कदम उस व्यापक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजरानी की स्वतंत्रता और सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित करना है। यह जलडमरूमध्य वैश्विक तेल आपूर्ति के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, जहां किसी भी प्रकार की बाधा का असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर पड़ सकता है।

इससे पहले तुर्किये ने भी ऐसे मिशनों में शामिल होने की इच्छा जताई थी। विशेषज्ञों का मानना है कि विभिन्न देशों की भागीदारी से इस संवेदनशील क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने में मदद मिल सकती है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / आकाश कुमार राय

Share this story