सीतारमण ने की आईएमएफ प्रमुख जॉर्जीवा से मुलाकात, वैश्विक अर्थव्यवस्था पर की चर्चा
वॉशिंगटन, 02 सितंबर (हि.स.)।
केंद्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की प्रबंध निदेशक क्रिस्टालिना जॉर्जीवा से यहां मुलाकात की और वैश्विक आर्थिक परिदृश्य तथा भारत के बदलते वृद्धि परिवेश पर चर्चा की।वित्त मंत्रालय ने बुधवार को एक्स पोस्ट में बताया कि सीतारमण ने मंगलवार को एशविले में जी20 सदस्य देशों के वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंक गवर्नर (एफएमसीबीजी) की बैठक से इतर आईएमएफ की प्रबंध निदेशक क्रिस्टालिना जॉर्जीवा से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने वैश्विक आर्थिक स्थिति और भारत की विकास की बढ़ती गति पर चर्चा की। इस दौरान भारत के मुख्य आर्थिक सलाहकार डॉ. वी. अनंत नागेश्वरन और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
सीतारमण से मुलाकात के दौरान जॉर्जीवा ने भारत के मजबूत आर्थिक प्रदर्शन और ट्रैक रिकॉर्ड की सराहना की और भारतीय अर्थव्यवस्था द्वारा हासिल की गई मजबूती का उल्लेख किया। चर्चा में भारत में हो रहे संरचनात्मक बदलावों और मैक्रो-इकोनॉमिक आकलन और विकास के अनुमानों में इन बदलावों को सही ढंग से शामिल करने के महत्व पर भी बात हुई।
वित्त मंत्री सीतारमण ने भारत के मजबूत मैक्रो-इकोनॉमिक आधार और मजबूत, सबूत-आधारित निगरानी ढांचे के महत्व पर जोर दिया, जो उभरते बाजारों और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं (ईएमडीई) में संरचनात्मक बदलावों को सही ढंग से दर्शाते हैं।
मंत्रालय के मुताबिक चर्चा में आईएमएफ की क्षमता विकास पहल भी शामिल थीं, जिनमें उभरते बाजारों और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं में संस्थागत क्षमता, मैक्रो-इकोनॉमिक नीति-निर्माण और सांख्यिकीय प्रणालियों को मजबूत करने में सहायता शामिल है। इसके अलावा दोनों नेताओं ने विश्लेषणात्मक क्षमताओं को मजबूत करने, बेहतर मैक्रो-इकोनॉमिक नीतियों का समर्थन करने और वैश्विक आर्थिक मजबूती में योगदान देने के लिए भारत और आईएमएफ के बीच निरंतर सहयोग के महत्व पर जोर दिया।
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हिन्दुस्थान समाचार / प्रजेश शंकर

